महोबा में आठ सितंबर को क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी को गोली मारे जाने के दो घंटे पहले व्यापारी के साले को फोन पर धमकाने वाले आशू भदौरिया को पुलिस ने रविवार को हिरासत में ले लिया। एसपी अरुण कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि आशू को वायरल आडियो के मामले में हिरासत में लिया गया है।
शहर के शुक्रवारी बाजार मोहल्ला निवासी आशू भदौरिया ने 8 सितंबर को क्रशर कारोबारी इंद्रकांत के साले बृजेश शुक्ला को फोन पर धमकी देते हुए पूछा था कि इंद्रकांत कहां हैं। कहा था कि उससे कहो कि तत्काल राजा साहब से बात करें। नहीं तो समझ रहे हो, मुझे आशू भदौरिया कहते हैं।
कॉल करने के दो घंटे बाद ही इंद्रकांत को अज्ञात लोगों ने गोली मार दी थी। आशू की बातचीत का आडियो सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद पुलिस उसकी तलाश कर रही थी। रविवार की दोपहर करीब डेढ़ बजे कोतवाली प्रभारी एके सिंह पुलिस फोर्स के साथ आशू के घर पहुंचे और उसे हिरासत में ले लिया।
रविकांत के ने की एएसपी के तबादले की मांग
क्रशर कारोबारी इंद्रकांत के भाई रविकांत त्रिपाठी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और चित्रकूटधाम मंडल के आईजी को पत्र भेजकर एएसपी वीरेंद्र कुमार के तबादले की मांग करते हुए कहा कि इनके रहते न्याय मिलने की उम्मीद नहीं है।