महोबा जिले में क्रशर कारोबारी इंद्रकांत की मौत के मामले में तत्कालीन एसपी समेत दो दरोगाओं और दो सिपाहियों का नाम आने के बाद एडीजी प्रेमप्रकाश ने शनिवार को एक इंस्पेक्टर, पांच दरोगाओं समेत 15 पुलिसकर्मियों का भी तबादला गैरजनपद कर दिया, जिससे महकमे में हड़कंप मच गया है।
कबरई निवासी क्रशर कारोबारी इंद्रकांत त्रिपाठी ने सात सितंबर को वीडियो वायरल कर तत्कालीन एसपी मणिलाल पाटीदार पर घूस मांगने के साथ हत्या कराने का भी आरोप लगाया था। आठ सितंबर को कारोबारी को गोली लग गई थी और 13 सितंबर को कानपुर के रिजेंसी अस्पताल में मौत हो गई थी।
मामले की जांच एसआईटी द्वारा की गई थी। इस दौरान कबरई एसओ देवेंद्र शुक्ला, खन्ना एसओ राकेश कुमार सरोज व खरेला एसओ राजू सिंह को निलंबित कर दिया गया था। वहीं सिपाही अरुण यादव और राजकुमार कश्यप के नाम आने के बाद दोनों को सस्पेंड कर दिया गया था।
एसओ और पुलिसकर्मियों के कारोबारी मामले में तार जुड़े होने के बाद अब एडीजी ने जिले में लंबे समय से जमे 15 पुलिसकर्मियों का गैरजनपद स्थानांतरण कर दिया। एक साथ इतने पुलिसकर्मियों के तबादले से कई थाने खाली भी हो गए हैं।
चरखारी इंस्पेक्टर विपिन त्रिवेदी को बलिया, दरोगा जितेंद्र सिंह यादव को मुरादाबाद, पूर्व एसओ खरेला राजू सिंह को आजमगढ़, पूर्व एसओ कबरई देवेंद्र शुक्ला को राज्य अपराध अभिलेख ब्यूरो लखनऊ, दरोगा अंबुज शर्मा को सिद्धार्थनगर, दरोगा स्वतंत्र कुमार को बलरामपुर, जबकि हेड कांस्टेबल राजेंद्र प्रसाद राठौर और सिपाही राजकुमार कश्यप को बलिया, श्यामवीर सिंह को आजमगढ़, अवधेेश कुमार को श्रावस्ती, राजकिशोर को बस्ती, प्रेेमचंद्र अहिरवार को सिद्धार्थनगर, राममिलन राजपूत को बलरामपुर, महेश सिंह को कुशीनगर, अजय कुमार को मैनपुरी भेजा गया है।