संकट की घड़ी में हर संभव मदद में जुटी पुलिस
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कोरोना वायरस की जंग के बीच मुसीबत से जूझ रहे लोगों के लिए डायल 112 टीम मसीहा बनकर सामने आई है। लॉकडाउन में किसी के घर भोजन, राशन तो किसी के घर सिलेंडर लेकर पुलिस पहुंच रही है।
रविवार को 112 कंट्रोल रूप में 45 जरूरतमंदों ने फोन कर मदद की गुहार लगाई। जिसमें अधिकांश महिलाएं रही है। लॉकडाउन में दो दिन से बच्चों के भूखे होने की गुहार पर पहुंची टीम खाना लेकर पहुंची। वहीं घरों में अकेले रह रही महिलाओं ने एजेंसी से सिलेंडर दे जाने की बात कही।
छिबरामऊ के फतेहनगर निवासी कॉलर अल्का ने बताया कि घर में राशन नहीं है और बच्चे भूखे है। इस पर पीआरवी 1643 के कमांडर अनिरुद्र कुमार और महिला सिपाही मधु कुमारी भोजन लेकर पहुंची। वहीं कुंवरपुर जनेऊ सिकंदरपुर में रहने वाली प्रीती देवी ने फोन कर बताया कि लॉकडाउन के चलते घर में कुछ खाने को नहीं है।
उसके चार बच्चे भूख रहे तड़प रहे है। इस पर पीआरवी लेकर पहुंचे ओम प्रकाश और महिला सिपाही नीलू ने खाना और राशन का प्रबंध लेकर घर पहुंचे। वहीं शहर के शेखाना मोहल्ला में रहने वाली नूरबानो और मकरंदनगर निवासी नेहा ने फोन कर सिलेंडर न होने की गुहार लगाई।
इस पर पुलिस टीम ने सिलेंडर की व्यवस्था कर घर पहुंचाया। डायल ११२ के नोडल अधिकारी निरीक्षक बलराम मिश्रा ने बताया कि लॉकडाउन में भोजन, राशन और सिलेंडर न होने की काल आ रही है। इस पर पीआरवी सक्रिय होकर कॉलर की मदद कर रही है।