रुपयों की लालच में नौ साल के बच्चे का अपहरण कर उसकी निर्मम हत्या कर देने के तीन आरोपियों को जनपद न्यायाधीश ओपी त्रिपाठी की अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मामला बिंदकी कोतवाली क्षेत्र के जलालपुर गांव का है।
यहां के तीन युवकों ने पांच लाख रुपयों की लालच में अपने ही गांव के नौ साल के बच्चे का अपहरण करने के बाद उसकी हत्या कर शव गांव के ही एक घर में दफना दिया था। इस मामले की लड़ाई मृतक बच्चे के पिता ने कोर्ट में तीन साल तक लड़ी।
जिसमें सोमवार को जिला जज की अदालत ने फैसला सुना दिया। बिंदकी कोतवाली के जलालपुर गांव के नवाब शेख मुंबई में कपड़े का व्यापार करते थे और उनका परिवार जलालपुर में रहता था। 20 दिसंबर 2017 की दोपहर तीन बजे नवाब शेख का नौ साल का बेटा रेहान अपने घर के बाहर खेल रहा था।
तभी गांव के ही इसरार, सोहनलाल और अंसार तीनों उसे बहलाकर अपने साथ ले गए थे। रेहान का अपहरण के बाद तीनों ने उसके घरवालों से फोन पर पांच लाख की फिरौती मांगी। फोन पर रेहान के परिजन अपहरणकर्ताओं की आवाज पहचान गए।