कानपुर देहात। रसूलाबाद थाना क्षेत्र के दया का पुरवा गांव में चार साल पहले पत्नी व उसके प्रेमी की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी गई थी। मामले में मृतक के भतीजे ने मृतका के पति पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मंगलवार को अदालत ने आरोपी को घटना का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
दया का पुरवा निवासी अरिवंद उर्फ तूफानी का हरचंद निवादा गांव के चंद्रभान के यहां आना जाना था। 26 अगस्त 2017 को वह उसके घर गया था। वहां चंद्रभान ने कुल्हाड़ी से काटकर उसकी हत्या कर दी थी। उनके शव के कई टुकड़े कर दिए। साथ ही चंद्रभान ने अपनी पत्नी ननकी देवी को भी कुल्हाड़ी से मौत के घाट उतार दिया था। इस दोहरे हत्याकांड की चर्चा पूरे जिले में हुई थी।
मामले में मृतक अरविंद के भतीजे अमित कुमार ने चंद्रभान पर हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद की थी। साथ ही विवेचना के बाद कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। इसकी सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम राम मिलन सिंह की कोर्ट में चल रही थी। अदालत ने दोनों पक्षों की बहस सुनी।
इसमें बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने तर्क दिया कि सिर्फ मृतक के भतीजे की गवाही के आधार पर आरोप सही मानना न्यायसंगत नहीं होगा। इसपर सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रदीप पांडेय ने बचाव पक्ष के अधिवक्ता की दलीलों को खारिज करते हुए कहा कि गवाह विश्वसनीय होने के साथ उसके पक्ष में पर्याप्त साक्ष्य हैं। आरोपी से कुल्हाड़ी की बरामदगी महत्वपूर्ण है। कोर्ट ने अभियोजन की बात को तर्कसंगत मानते हुए आरोपी चंद्रभान को आजीवन कारावास व 20 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।