रनियां। एनजीटी की सख्ती के बाद भी खानचंद्रपुर में लोगों को जरूरत का शुद्ध पेयजल मुहैया हो इसके इंतजाम कमजोर हैं। ऐसे में लोगों की हैंडपंपों पर निर्भरता बनी है।
खानचंद्रपुर में कुल 29 सरकारी हैंडपंप हैं। इन्हें हटाने की जरूरत है। मगर लोग इन्हें हटाने का विरोध कर रहे हैं। बीते 27 फरवरी को टीम ने पाल पुरवा गांव में हैंडपंप का हत्था निकाल लिया। यादव पुरवा में पहुंच कर हैंडपंप का हत्था निकालने का लोगों ने विरोध कर दिया। लोगों का कहना है कि पहले शुद्ध पेयजल आपूर्ति के पुख्ता इंतजाम किए जाएं। इसके बाद ही सरकारी हैंडपंप हटाए जाएं। ईओ मनीष राय ने बताया कि लोग हैंडपंप बंद कराने का विरोध कर रहे हैं। बिजली गुल रहने पर जलापूर्ति बहाल रहे इसके लिए जनरेटर की व्यवस्था की जाएगी।
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फोटो-18 हरिमोहन सिंह। संवाद
फोटो-19 लक्ष्मी देवी। संवाद
दूर नहीं हो रही पेयजल किल्लत
पानी को लेकर तीनों मजरों में समस्या है। लीकेज शुद्ध पेयजल आपूर्ति में बाधक है। नगर पंचायत से पानी का टैंकर नहीं आता है। ऐेसे में हैंडपंप हटा दिए गए तो पेयजल किल्लत बढ़ेगी। - हरि मोहन सिंह
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टंकी से नहीं मिलता घरेलू व मवेशियों की जरूरत का पानी
स्नान, कपड़े धुलाई, मवेशियों को पानी पिलाना आदि के लिए जरूरत का पानी टंकी से नहीं मिल पाता है। ऐसे में हैंडपंप हट गए तो दिक्कत और बढ़ेगी। - लक्ष्मी देवी