काली कमाई घोषित करने में कानपुर यूपी में नंबर वन है। 26 सितंबर तक यहां 900 करोड़ रुपये की अघोषित आय सरेंडर हो चुकी है। खास बात ये है कि इसमें सिर्फ 325 लोगों ने ही भागीदारी की है। इस भारी भरकम रकम के साथ कानपुर यूपी मे पहले स्थान पर जबकि 300 करोड़ रुपये की रकम के साथ वाराणसी दूसरे स्थान पर है। आगरा में अब तक 250 करोड़ रुपये ही सरेंडर हुए हैं।
प्रधान मुख्य आयकर आयुक्त (यूपी पश्चिम) कार्यालय के अधीन आते क्षेत्रों में अब तक करीब 800 पूंजीपति आईडीएस-2016 के तहत आय घोषित कर चुके हैं। इनसे करीब 1800 करोड़ रुपये कालाधन सरेंडर हुआ है। कानपुर में पहली जून से 16 सितंबर तक 260 लोगों ने भागीदारी की थी। इसके बाद 17 से 26 सितंबर तक 65 लोग और सामने आए। आखिरी के 10 दिन में 250 करोड़ की अघोषित संपत्ति घोषित हुई। 16 सितंबर तक 650 करोड़ की संपत्ति आ चुकी थी। इस तरह से शहर में अब तक 900 करोड़ रुपये का कालाधन बाहर आ चुका है। इस उपलब्धि के साथ आयकर विभाग के ‘यूपी पश्चिम’ रीजनल कार्यालय का देश में दूसरा स्थान बरकरार है। विभागीय अफसरों ने उम्मीद जताई है कि कानपुर में 30 सितंबर तक यह आंकड़ा 1200 करोड़ तक पहुंच सकता है। खबर में इनकम डिक्लेरेशन स्कीम की गोपनीयता की भावना का पालन किया जा रहा है। आय घोषित करने वाले कारोबारी के नाम का खुलासा नहीं किया जा सकता।