पुलिस ने सर्विलांस की मदद से आरोपी को किया गिरफ्तार
नवाबगंज पुलिस ने मौका मुआयना किया और किशोर से पूछताछ की। इस दौरान किशोर ने जेवर चोरी में सुखऊपुरवा सूर्य विहार निवासी 32 वर्षीय दोस्त श्याम कुमार का नाम लिया। इंस्पेक्टर केशव तिवारी ने जब उससे श्याम कुमार का पता पूछा तो वह नहीं बता सका। उसने आरोपी का मोबाइल नंबर दे दिया। पुलिस ने सर्विलांस की मदद से श्याम को गिरफ्तार कर लिया। उसकी निशानदेही पर चोरी के जेवरात बरामद हो गए। एडीसीपी योगेंद्र कुमार ने बताया कि गुरुवार को आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
पार्क में हुई थी मुलाकात, किराए पर दिलाई स्कोडा कार
पुलिस पूछताछ में अधिकारी के बेटे ने बताया कि चार माह पहले उसकी श्याम से मुलाकात पास में स्थित एक पार्क में हुई थी। इसके बाद से श्याम का उसके घर आना जाना शुरू हो गया था। इस बीच श्याम ने खुद को ड्राईवर बताते हुए उसे कार चलाने की ट्रेनिंग देने की बात कही। किशोर के हामी भरने पर 24 मई को श्याम ने एक स्कोडा कार ऑनलाइन किराए पर दिला दी। 25 मई को श्याम ने उसे बिठाकर खुद कार चलाई। 26 मई को उसने किशोर को कार चलाने के लिए दे दी।
अलमारी में रखे जेवरात लाकर दे दिया
इस दौरान उसने कार सड़क किनारे खड़े एक डंपर से लड़ा दी। श्याम ने कार बनाने के लिए जब किशोर से कहा तो उसने रुपये होने से मना कर दिया। कहा कि अपने आप से बनवा लीजिए। जब रुपये होंगे तो आपको दे देंगे। कार बनवाने में 40 हजार रुपये खर्चा आया, लेकिन श्याम ने 85 हजार रुपये खर्च आने की बात कहकर दबाव बनाया। बार बार डांट और धमकी पर किशोर ने मां की अलमारी में रखे जेवरात लाकर श्याम को दे दिया। इस दौरान श्याम बाहर से निगरानी कर रहा था।
कड़ा खरीदने वाला सुनार भी पुलिस की गिरफ्त में
एडीसीपी के अनुसार पुलिस ने जब बरामद जेवरातों का मिलान शुरू किया, तो उसमें एक कड़ा कम निकला। श्याम से पूछताछ हुई तो उसने बताया कि एक कड़ा नवाबगंज मंडी निवासी सर्राफ समर गुप्ता को 40 हजार में बेच दिया है। पुलिस ने जब समर गुप्ता से पूछताछ की तो उसने कड़ा गला देने की बात कबूली। पुलिस ने उसे चोरी का माल खरीदने में दबोच लिया।