कानपुर में बिधनू थाना क्षेत्र के करौली गांव में गर्भवती की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। ससुराल वाले बगैर मायके वालों को सूचना दिए शव का अंतिम संस्कार करने ले जा रहे थे तभी मृतका के पिता ने पुलिस की मदद से उन्हें रुकवा लिया। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
किसान सत्यनारायण दिवाकर के बेटे सुनील की शादी पांच साल पहले डारी देवमई निवासी सियाराम की बेटी गुड़िया (24) से हुई थी। गुड़िया सात माह की गर्भवती थी। पिता सियाराम ने आरोप लगाया कि 28 जून को सास, ननद, पति और ससुर ने बेटी को पीटने के बाद जहर दे दिया।
हालत बिगड़ने पर श्यामनगर स्थित एक नर्सिंगहोम में भर्ती कराया था, जहां दो दिन पहले मौत उसकी हो गई थी। मृतका की ननद की बरात आने के कारण शव तक घर नहीं लाए। बरात विदा होने के बाद शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जा रहे थे। ग्रामीणों से जानकारी मिलने पर वे पुलिस को लेकर पहुंचे। वहीं, पति का कहना है कि गुड़िया को सांप ने डंसा था। थाना प्रभारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।