चिड़ियाघर के आसपास के इलाके में बार-बार होने वाले फॉल्ट, ट्रिपिंग और लो-वोल्टेज की समस्या अब नहीं सताएगी। केस्को ने इलाके में बिजली की बढ़ती खपत को देखते हुए ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ा दी है। पहले यहां पांच मेगावाट क्षमता का ट्रांसफार्मर लगा था अब उसकी जगह 10 मेगावाट का ट्रांसफार्मर लगा दिया गया है।
केस्को के अनुसार, इस इलाके में लंबे समय से बिजली के ज्यादा लोड, फॉल्ट और ट्रिपिंग की शिकायतें मिल रही थीं। आबादी और बिजली कनेक्शनों की संख्या बढ़ने से ट्रांसफॉर्मर पर भी लगातार दबाव बढ़ रहा था। सोमवार को केस्को की टीम ने आठ बजे से शाम छह बजे तक का शटडाउन लिया। इस दौरान केस्को कर्मियों ने ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाई। काम पूरा होने के बाद देर शाम को बिजली आपूर्ति शुरू हुई।
हालांकि इस दौरान लोगों को बिजली गुल रहने से काफी दिक्कतों का भी सामना करना पड़ा। कई घरों और दुकानों के इन्वर्टर की चार्जिंग खत्म हो गई। कई घरों में पानी खत्म हो जाने के बाद टंकी भरने के लिए शाम तक का इंतजार करना पड़ा। केस्को ओएसडी देवेंद्र कुमार ने बताया कि अब ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ने से बिजली का लोड संभालना आसान होगा और उपभोक्ताओं को बेहतर आपूर्ति मिल सकेगी। इससे पहले सरसैया घाट, हाईवे सिटी के आसपास इलाके में ट्रांसफार्मर की क्षमता बढ़ाई गई थी।