फ्लाइट के आने और जाने की जानकारी समय से नहीं देने से यात्री नाराज
इंडिगो एयरलाइंस की फ्लाइट निरस्त होने से यात्री परेशान हैं। वहीं, यात्रियों का आरोप है कि फ्लाइट के आने और निरस्त होने की सूचना पहले से नहीं दी जा रही है। शहर के तमाम लोग बंगलूरू, दिल्ली और मुंबई में फंस गए हैं। महापाैर प्रमिला पांडेय भी मुंबई में फंस गई थीं। वह ट्रेन से लाैट रही हैं। अन्य यात्री भी आने के लिए दूसरी व्यवस्था कर रहे हैं। वहीं, मीडिया कर्मियों को भी कानपुर एयरपोर्ट के अंदर जाने से रोक दिया गया है।
बंगलूरू, दिल्ली और मुंबई में लोग फंसे
अभी शहर से दिल्ली और मुंबई के लिए नियमित फ्लाइट हैं। बंगलूरू की सप्ताह में तीन दिन मंगलवार, गुरुवार और शनिवार को फ्लाइट मिलती है। हैदराबाद की फ्लाइट की सुविधा सप्ताह में चार दिन सोमवार, बुधवार, शुक्रवार और रविवार को है। शनिवार को दिल्ली की फ्लाइट निरस्त कर दी गई, जबकि बंगलूरू की फ्लाइट दोपहर में 12:50 बजे आई और दोपहर 1:25 बजे चली गई। इसी तरह, मुंबई की फ्लाइट दोपहर में 2:35 बजे आई और दोपहर में 3:15 बजे चली गई।
सोमवार तक सभी फ्लाइट के निरस्त होने की बात बताई
बंगलूरू जाने के लिए एयरपोर्ट पर आए प्रिंस, राजा और रोमिता ने बताया कि पहले तो फ्लाइट के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी जा रही थी। सुबह ही मैसेज आया कि फ्लाइट रहेगी। हालांकि सभी यात्रियों को इसकी जानकारी नहीं दी गई थी। जो आ गया था वही जा पाया। यहां पर बहुत समस्याएं हैं। यात्रियों का कहना था कि पहले आठ दिसंबर सोमवार तक सभी फ्लाइट के निरस्त होने की बात बताई गई थी। बाद में फिर से यह जानकारी दी गई।
200 से ज्यादा यात्रियों ने टिकट कराए निरस्त
यात्रियों में आक्रोश था कि सोमवार तक फ्लाइट स्थगित थी तो यात्रियों को सूचना कैसे मिली की फ्लाइट है। अव्यस्थाओं के चलते 200 से ज्यादा यात्रियों ने टिकट रद्द कराए हैं। हालांकि अभी कानपुर से दिल्ली, मुंबई, हैदराबाद, बंगलुरू के लिए किराये में बढ़ोतरी नहीं की गई है। कानपुर से मुंबई का किराया 5,782 रुपये, कानपुर से हैदराबाद का किराया 5,105 रुपये, कानपुर से बंगलूरू का किराया 5,315 रुपये ही दिसंबर महीने तक है।
बंगलूरू एक निजी कार्यक्रम में शामिल होने गया था। दिल्ली, मुंबई से आने वाले कई लोगों की फ्लाइट पांच से छह घंटा देरी से पहुंची। शनिवार को लखनऊ आने वाली फ्लाइट निरस्त हो गई। फ्लाइट निरस्त होने से टिकट तो वापस हो रही है लेकिन तीन गुने दाम पर दूसरी फ्लाइट की टिकट खरीदनी पड़ रही है। हवाई अड्डों के हाल खराब हैं। यात्रियों को काफी दिक्कत हो रही है। -प्रोफेसर मनमोहन शुक्ला, ग्रुप निदेशक पीएसआईटी