पांच घंटे इंतजार के बाद भी नहीं मिला सिलिंडर
बर्रा-5 के मोनू दुबे ने 12 मार्च को बुकिंग कराई थी। मैसेज मिलने के बाद उम्मीद जगी लेकिन रविवार को नंबर आने से पहले ही सिलिंडर खत्म हो गए। सोमवार को फिर मैसेज आने पर वह एजेंसी पहुंचे जहां उन्हें दोबारा लाइन में लगा दिया गया। करीब पांच घंटे इंतजार के बाद भी उन्हें सिलिंडर नहीं मिला। बर्रा निवासी मनीष ने 11 मार्च को बुकिंग कराई थी।
एजेंसी संचालक सिलिंडर देने में जता रहे हैं असमर्थता
पहले उन्हें दो दिन बाद आने को कहा गया, फिर जब लाइन में लगे तो नंबर आते ही सिलिंडर खत्म हो गया। वह पिछले दो दिनों से लगातार लाइन में लग रहे हैं, लेकिन अब तक सिलिंडर नहीं मिल पाया। इनके पास भी डिलीवरी का मैसेज आया है। सैकड़ों उपभोक्ताओं के साथ यही स्थिति बनी हुई है। डिलीवरी का मैसेज दिखाने के बावजूद एजेंसी संचालक सिलिंडर देने में असमर्थता जता रहे हैं।
बुकिंग का मैसेज आया पर सिलिंडर एक हफ्ते बाद
रसोई गैस सिलिंडर के लिए उपभोक्ता एजेंसी के चक्कर लगा रहे हैं। कुछ लोग तो घर में सिलिंडर की डिलिवरी न किए जाने की शिकायत भी कर रहे हैं। बुकिंग तो हो रही है। और मैसेज भी आ रहे हैं लेकिन सिलिंडर एक हफ्ते बाद मिल रहा है। कुछ उपभोक्ताओं के यहां तो 10 दिन से सिलिंडर नहीं है। मंगलवार को भी गैस एजेंसियों के बाहर उपभोक्ताओं की लाइन देखी गई।
इंडक्शन बिके तो बिजली की खपत भी बढ़ी
गैस की किल्लत शुरू होने के बाद से अचानक इंडक्शन की मांग बढ़ी है। इससे बिजली की खपत भी बढ़ी है। केस्को के आंकड़ों के मुताबिक, पिछले साल 14 मार्च को बिजली की खपत 398 मेगावाट थी, जो इस साल 14 मार्च को 516 मेगावाट हो गई।
इस तरह बिगड़ रही स्थिति
अंतरराष्ट्रीय हालात के बीच गैस संकट की आशंका ने बुकिंग में अचानक विस्फोट कर दिया है। 11 से 15 मार्च 2026 के बीच शहर में 4,90,658 सिलिडरों की बुकिंग दर्ज की गई। पिछले वर्ष इसी अवधि में यह संख्या मात्र 1,76,722 थी। अभी भी करीब तीन लाख लोग सिलिंडर के इंतजार में हैं। डिलीवरी का मैसेज आने के बाद भी लोगों को दो से तीन दिन तक इंतजार करना पड़ रहा है। 25 दिन के अंतराल में बुकिंग करने के बाद भी सिलिंडर मिलने तक लोगों के पसीने छूट रहे हैं।
सिलिंडर डिलीवरी के मैसेज को लेकर कई एजेंसियां फ्रॉड कर रही हैं। कई शिकायतें आई हैं। हम टीम भेजकर जांच कराएंगे। शिकायत सही मिलने पर एजेंसी संचालक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। -राजेश कुमार, एडीएम आपूर्ति