परमट घाट पर गंगा में गिरता नाले का गंदा पानी
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नाले का पानी शोधित करने का करता है दावा
इस नाले में कल्याणपुर, इंद्रानगर, मकड़ीखेड़ा, विकासनगर सहित आसपास के मोहल्लों का गंदा पानी आता है। कहने को तो नगर निगम बायोरेमेडिएशन विधि से इस नाले का पानी शोधित करने का दावा करता है, पर हकीकत इसके विपरीत है। इसी तरह आजादनगर, नवाबगंज, पुराना कानपुर आदि मोहल्लों का गंदा पानी रानी घाट नाले के माध्यम से गंगा में जा रहा है। छावनी स्थित गोला घाट नाला, सत्तीचौरा, डबका नाले गंगा में मिलती है।
भगवत दास घाट पर गंगा में जाता नाले का पानी
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200 करोड़ की योजना बनाकर एनएमसीजी को भेजी
गंगा और पांडु नदी में गिर रहे नालों को टैप करने के लिए जल निगम (ग्रामीण) ने पिछले साल 200 करोड़ की योजना बनाकर एनएमसीजी (नेशनल मिशन फॉर क्लीन गंगा) को भेजी थी। एनएमसीजी ने 2 अप्रैल को धनराशि में कटौती करते हुए इस कार्य के लिए 160 करोड़ रुपये स्वीकृत किए, पर आदेश न आने की वजह से टेंडर भी नहीं हो पाए हैं। कार्य जल निगम (ग्रामीण) को कराना है।
छावनी डबकेश्वर घाट से गंगा मे जाता नाले का पानी
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एनएमसीजी ने गंगा और पांडु नदी में गिर रहे नालों को टैप करने का प्रस्ताव स्वीकृत किया है। इस संबंध में आदेश आते ही टेंडर कराकर कार्य शुरू कराया जाएगा। -एमके सिंह, अधीक्षण अभियंता, जल निगम (ग्रामीण)