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Kanpur News: भोगनीपुर कोतवाली क्षेत्र में बारिश बनी आफत, छत व दीवार गिरने से दो की मौत

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मृतक रामबाबू के बेटे अनिल से जानकारी लेते एडीएम व एसडीएम। 
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पुखरायां। जिले में गुरुवार को तेज बारिश के दौरान भोगनीपुर कोतवाली क्षेत्र के डीघ गांव में कच्ची छत और गिरदौं गांव में दीवार गिरने से दो बुजुर्गों की मौत हो गई। सूचना पर राजस्व टीम व पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजे। वहीं, घटना से परिजन बिलखते रहे।
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भोगनीपुर के डीघ गांव में गुरुवार की शाम तेज बारिश के दौरान रामबाबू यादव (59) के कच्चे घर की छत से पानी टपकने लगा। इस पर रामबाबू मरम्मत के लिए छत पर पहुंचे। अचानक छत का कुछ हिस्सा गिरने से वह मलबे समेत नीचे गिर पड़े।

इस पर उनके बेटों अनिल व अभिषेक ने शोर मचाया तो मोहल्ले को लोग मौके पर पहुंचे और मलबे से रामबाबू को निकालकर जिला अस्पताल ले गए। जहां से प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर हालत में डॉक्टर ने उन्हें कानपुर के हैलट अस्पताल रेफर कर दिया।
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जहां पहुंचने पर चिकित्सक ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस पर परिजन रात में ही शव घर वापस ले आए। घटना की सूचना लेखपाल को दी गई।

वहीं, गिरदौं गांव निवासी सभादीन (65) गुरुवार की रात में बारिश के दौरान घर के पास स्थित पशुबाड़े की दीवार के किनारे बैठे थे। अचानक दीवार गिरने से मलबे में दबकर उनकी मौत हो गई। शुक्रवार की सुबह जब परिजन व ग्रामीण पशुबाड़े के पास पहुंचे तो घटना की जानकारी हुई।

घर पर केवल सभादीन की पत्नी सुखरानी ही थी। बेटा सुरजीत विजयबाड़ा में प्राइवेट नौकरी करता है। ग्रामीणों ने हादसे की सूचना तहसील प्रशासन को दी। इस पर राजस्व टीम ने गांव पहुंच कर मलबे के नीचे दबे शव को निकलवाया।

कानूनगो, लेखपाल व देवीपुर चौकी इंचार्ज ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। चौकी इंचार्ज केपी सिंह ने बताया कि दोनों बुजुर्गों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।


मां की पहले हो चुकी मौत, अब छिना पिता का भी साया
पुखरायां (कानपुर देहात)। डीघ गांव में कच्चे घर की छत गिरने से किसान रामबाबू की मौत की सूचना पर एडीएम राजस्व केशवनाथ गुप्ता और एसडीएम राजकुमार चौधरी ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। रामबाबू के बेटे अनिल (22) व अभिषेक (17) से हादसे की जानकारी ली। अनिल ने बताया कि मां की मौत के बाद पिता ने ही उन्हें पाला पोसा। पिता तीन बीघा जमीन पर खेती बाड़ी करते थे। अब उनका कोई नहीं है। दोनों अधिकारियों ने बेटों को ढांढस बंधाया। कहा कि किसान बीमा योजना के तहत पांच लाख और आपदा राहत योजना के तहत चार लाख रुपये की सहायता दिलाई जाएगी। बीडीओ शिव गोविंद पटेल को मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के तहत बेसहारा बच्चों की पढ़ाई के लिए सहायता दिलाने के निर्देश दिए। प्रधान प्रीती देवी के पति रणधीर सिंह ने बताया कि रामबाबू को 2012 में आवास के लिए करीब 75 हजार रुपये मिले थे। इससे एक कमरे का निर्माण कराया गया। बाकी घर कच्चा है। मौके पर नायब तहसीलदार मनीष द्विवेदी, अकबरपुर सीओ अरुण कुमार, भोगनीपुर कोतवाल प्रमोद शुक्ल, देवीपुर चौकी इंचार्ज केपी सिंह, लेखपाल नवनीत सचान मौजूद रहे।

रात भर मलबे के नीचे दबा रहा सभादीन का शव

पुखरायां। गिरदौं गांव निवासी सभादीन की पत्नी सुखरानी के साथ गांव में रहते थे। सुखरानी के अनुसार पति रोज की तरह शाम को पशुबाड़े में गए हुए थे। देर शाम को तेज बारिश होने लगी। इस पर वह वहीं पर रुक गए। काफी देर तक वापस नहीं लौटे तो सोचा कि वहीं पर लेट गए होंगे। सुबह जब पशुबाड़े के पास पहुंचीं तो दीवार गिरी दिखी। मलबे में दबकर पति सभादीन की मौत हो गई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना तहसील में दी। राजस्व टीम ने पहुंच कर शव को निकलवाया। इसके बाद देवीपुर चौकी इंचार्ज केपी सिंह ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मौके पर पहुंचे एडीएम राजस्व केशवनाथ गुप्ता ने आपदा राहत योजना के तहत लाभ दिलाने का भरोसा दिया।
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