रूरा। हादसे में घायल हुए बुजुर्ग की उपचार के दौरान मौत होने पर शनिवार को परिजनों ने तिगाई मैथा मार्ग मड़ौली अंडरपास के पास शव रखकर जाम लगा दिया। परिजनों ने मामले में दर्ज कराए गए केस में आरोपी की गिरफ्तारी व मुआवजे की मांग शुरू कर दी।
करीब चार घंटे तक सड़क जाम रही। थानाध्यक्ष व कांग्रेस नेता अंबरीश सिंह गौर ने मुआवजा व आरोपी की दो दिन में गिरफ्तारी का भरोसा देकर जाम खुलवाया। इसके बाद परिजनों ने शव पोस्टमार्टम के लिए पुलिस को सौंपा।
मड़ौली गांव निवासी शिवरतन लाल दिवाकर (65) 20 मई को साइकिल से चारा लेने खेत गए थे। घर आते समय पीछे से आए बाइक सवार ने टक्कर मार दी थी। हादसे में शिवरतन लाल घायल हो गए थे। उन्हें परिजन अस्पताल ले गए थे।
इसके साथ पुत्र रामचरन ने बाइक के चालक इसी गांव निवासी अभय दुबे के खिलाफ रूरा थाने में केस दर्ज कराया था। इधर, घायल शिवरतन की 16 जून को उपचार के दौरान मौत हो गई। शव लेकर पहुंचे परिजनों ने पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने पंचनामा भरकर शव पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी की तो परिजनों ने इससे इन्कार कर हंगामा किया। इसके बाद पूरी रात वार्ता चली, लेकिन कोई हल नहीं निकला। शनिवार सुबह करीब सात बजे परिजनों ने शव तिगाईं मैथा मार्ग पर गांव के बाहर मड़ौली अंडरपास पर रखकर जाम लगा दिया।
इससे आवागमन अवरुद्ध होने की जानकारी पर थानाध्यक्ष समरबहादुर सिंह यादव पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे। जानकारी पाकर कांग्रेस के प्रदेश सचिव अंबरीश सिंह गौर भी मौके पर पहुंच गए।
काफी देर तक पुलिस शव पोस्टमार्टम के लिए भेजने का प्रयास करती रही लेकिन परिजन आरोपी की गिरफ्तारी व मुआवजे की मांग पर अड़े रहे। करीब साढ़े तीन घंटे चली रस्साकसी के बाद भी परिजन नहीं मानें तो एसपी को अवगत कराया गया।
उनके निर्देश पर थानाध्यक्ष ने दो दिन में आरोपी की गिरफ्तारी व मुआवजा दिलाने का भरोसा दिया। इसके बाद परिजन मानें। करीब चार घंटे बाद तिगाई मड़ौली मार्ग पर आवागमन सुचारू हो सका। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजा। थानाध्यक्ष ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।