पुलिस ने मौके पर पहुंचकर कार सवार तीन आरोपियों को पकड़ लिया। इनमें चोटी बांधने वाला मुख्य आरोपी कानपुर देहात के मंगलपुर झींझक निवासी सागर उर्फ अभिषेक भी है। इसके अलावा सरदारपुरवा जोगिनडेरा निवासी टुनटुन नाथ उर्फ पिंटू व यश ठाकुर उर्फ बाबा को भी पकड़ा गया है। इनके तीन साथी धर्मवीर, सौरभ व अरुण फरार हैं।
डीसीपी पश्चिम विजय ढुल ने पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता कर बताया कि नकाबपोश बदमाश कमलेश की पत्नी पुष्पा, बच्चे आस्था (6) और अविरल (3) को बंधक बनाकर दो लाख की नकदी और 12 लाख के जेवरात लूट ले गए थे। मामले की जांच में जुटी क्राइम ब्रांच की टीम ने आसपास के फुटेज जुटाए थे।
इसमें चोटी वाले आरोपी सागर की पहचान हो गई। इसके बाद सर्विलांस की मदद से तीन आरोपियों को पकड़ लिया गया। ये लोग लूट के गहने बेचने के लिए शहर आए थे। यहां खड़े होकर साथियों का इंतजार कर रहे थे। डीसीपी के मुताबिक आरोपी 20-25 साल की उम्र के हैं। सभी ने 12वीं तक ही पढ़ाई की है। पुलिस कमिश्नर ने खुलासा करने वाली टीम को 50 हजार रुपये इनाम देने की घोषणा की है।
रैकी कर दिया वारदात को अंजाम
पकड़े गए मास्टर माइंड सागर ने बताया कि बुआ के घर आने जाने के दौरान उसने देखा कि कमलेश के घर में अक्सर उनकी पत्नी और बच्चे ही रहते हैं। इसके बाद उसने पांच दोस्तों के साथ मिलकर लूट की साजिश रची। इसके बाद रैकी भी की कि कमलेश किस समय घर में नहीं होते हैं।
घटना वाले दिन आरोपी अपनी वैगन-आर कार से कानपुर आया। कमलेश के घर से कुछ दूरी पर कार छोड़ दी। यहां दो टीमें बनाईं। पहली टीम घर के अंदर चली गई। दूसरी टीम बाहर खड़ी रही। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी पैदल निकले और कार से फरार हो गए।
मास्टर माइंड के पिता ग्राम विकास में कार्यरत
डीसीपी के मुताबिक इस घटना के मास्टर माइंड सागर के पिता बृजेश कुमार ग्राम विकास विभाग में लिपिक हैं। घर की माली हालत बहुत अच्छी नहीं है।
मुंबई में जिम ट्रेनर है टुनटुन
डीसीपी के मुताबिक आरोपी टुनटुन नाथ मुंबई में जिम ट्रेनर है। वहां पर उसे दस हजार रुपये मिलते थे। वह दस दिन पहले लौटा था उसी दौरान सागर से उसकी मुलाकात हुई और वह भी डकैती में शामिल हो गया।
रावतपुर में हुई डकैती का खुलासा करने वाली टीम को 50 हजार रुपये का इनाम दिया जाएगा। टीम ने कड़ी मेहनत के बाद चार दिन में वारदात का सफल खुलासा किया है। -बीपी जोगदंड, पुलिस कमिश्नर