कानपुर कोर्ट ने नौबस्ता पुलिस से सास-बहू पर नजर रखने को कहा है। माता-पिता और वरिष्ठ नागरिक भरण पोषण अधिनियम में दाखिल मुकदमे का फैसला सुनाते हुए एसडीएम सदर संजय कुमार की कोर्ट ने यह आदेश दिया है।
हनुमंत विहार नौबस्ता निवासी मालती देवी उम्र 65 साल और उनके पति सूरज प्रसाद उम्र 70 साल ने अपनी बहू अमृता त्रिपाठी के खिलाफ मुकदमा दाखिल किया था। इसमें कहा गया था कि उनकी तीन बेटी प्रीती, रोमा, मौसमी और एक बेटा आलोक त्रिपाठी है। सभी बच्चों का विवाह हो चुका है।
आलोक का विवाह अमृता से चार फरवरी 2015 को हुआ था। बेटे और बहू से संबंध विच्छेद करने पर बेटा घर छोड़कर चला गया। बहू अपने मायके के लोगों के साथ मिलकर उसका घर हड़पना चाहती है। इसलिए उसकी संपत्ति और जान-माल की सुरक्षा की जाए। कोर्ट ने आदेश दिया है कि सास-बहू पर नौबस्ता पुलिस सतर्क दृष्टि बनाए रखे।