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होल्ड हो गई सांसें: कोविड कंट्रोल रूम किस काम का, फोन उठना मुश्किल, बात भी हुई तो न बेड मिला न ऑक्सीजन सिलिंडर

Tue, 27 Apr 2021 02:00 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

कोविड कमांड कंट्रोल रूम में ऑक्सीजन सिलिंडर मांगने वाले होम आइसोलेशन के मरीजों को सीधे प्लांटों से संपर्क करने की सलाह दी गई।
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कानपुर: कोविड कमांड कंट्रोल रूम दिखावा साबित हो रहा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कानपुर में कोरोना संक्रमित मरीजों की सहायता के लिए स्मार्ट सिटी कार्यालय में बना कोविड कमांड कंट्रोल रूम दिखावा साबित हो रहा है। सोमवार को इस कंट्रोल रूम (18001805159) में आए तीमारदारों के फोन तक नहीं उठे। एक-दो के फोन उठे तो उन्हें बताया गया कि कोविड अस्पताल सीधे मरीज भर्ती कर रहे हैं, वहीं जाएं।
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किस अस्पताल में वेंटिलेटर, आईसीयू और सामान्य श्रेणी के कितने बेड खाली हैं, किसी अस्पताल में भर्ती होना आदि जानकारी तक नहीं दी गई। ऑक्सीजन सिलिंडर मांगने वाले होम आइसोलेशन के मरीजों को सीधे प्लांटों से संपर्क करने की सलाह दी गई।

केस-1 स्वरूप नगर निवासी अनुराग श्रीवास्तव कोरोना संक्रमित हो गए हैं। ऑक्सीजन लेवल गिरता और हालत बिगड़ते देख परिजनों ने कोविड कमांड सेंटर फोन कर भर्ती कराने का आग्रह किया। डेढ़ घंटे बाद उनके मकान के बाहर एंबुलेंस भी पहुंची, पर उसमें बैठे कर्मियों ने यह कहकर मरीज ले जाने से इनकार कर दिया कि अभी अस्पतालों में जगह नहीं है। 
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केस-2 कोरोना जैसे लक्षण दिखने पर पशुपति नगर निवासी जितेंद्र पाल सिंह को भर्ती कराने के लिए परिजनों ने बर्रा स्थित प्रिया नर्सिंगहोम सहित कई कोविड अस्पतालों में संपर्क किया। कोविड कंट्रोल रूम में भी गुहार लगाई पर न बेड मिला, न ऑक्सीजन सिलिंडर। मजबूरी में वह होम आइसोलेशन में रहने और मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदकर इलाज कराने पर मजबूर हैं।

केस-3 गोविंद नगर लाल क्वार्टर निवासी कोरोना संक्रमित केसर बमवानी की होम आइसोलेशन में हालत चिंताजनक होते देख परिजनों ने कोविड कमांड सेंटर के टोल फ्री नंबर सहित अन्य नंबर डायल किए। गोविंद नगर के पार्षद नवीन पंडित ने बताया कि उन्हें कमांड सेंटर से कोई रिस्पांस नहीं मिला और न ही परिजनों को ऑक्सीजन सिलिंडर मिल पाया। वह मजबूरन होम आइसोलेशन में इलाज करा रहे हैं। 
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