इस साल 27 मार्च को हुए कार्यक्रम में पद्म विभूषण उस्ताद राशिद खान को यह अवार्ड मिला था। संस्था के संयोजक राजेंद्र मिश्र बब्बू ने बताया कि पंडित शिव कुमार शर्मा का निधन संगीत की दुनिया के लिए बहुत बड़ी क्षति तो है ही, उनके लिए व्यक्तिगत क्षति भी है। कई मौकों पर जब कानपुर आए तो रात का खाना घर पर ही करते थे। वह परिवार के एक बड़े बुजुर्ग की तरह थे। कई मौकों पर उनसे व्यक्तिगत सलाह लेना हो या फिर संस्था की ओर से होने वाले कार्यक्रमों के बारे में भी मार्गदर्शन लेना हो, उन्होंने हमेशा परिवार के वरिष्ठजन की तरह रास्ता दिखाया।