कानपुर के पनकी में सोमवार शाम फर्टिलाइजर बनाने वाली कंपनी केएफसीएल में हुए अमोनिया गैस रिसाव के मामले में पुलिस कमिश्नर असीम अरुण ने जांच बैठाई है। डीसीपी पश्चिम को जांच सौंपी गई है।
जांच दो बिंदुओं पर हो रही है कि गैस रिसाव के पीछे कोई लापरवाही है या हादसा। अगर लापरवाही के साक्ष्य मिलेंगे तो जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी। सोमवार को कंपनी के एक प्लांट की मरम्मत के दौरान अमोनिया गैस का रिसाव शुरू हो गया था।
जब गैस आसपास के आवासीय इलाकों तक फैली तो लोगों को सांस लेने में दिक्कत होने लगी थी। दमकल की मदद से करीब दो घंटे बाद लोगों को राहत मिली थी। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं। अमोनिया गैस का रिसाव घातक होता है। अगर समय पर रिसाव नियंत्रित न हो पाता तो बड़ी घटना होना तय था।