कभी कानपुर से लखनऊ जाने के लिए हर 10 मिनट में मिलने वाली बसों के लिए यात्रियों को झकरकटी बस अड्डे पर दो घंटे तक इंतजार करना पड़ रहा है।
यह हाल राजधानी की बसों का है। इसलिए दूसरे मार्गों की बसों के लिए यात्रियों की समस्याओं का अंदाजा लगाया जा सकता है।
अभी यात्रियों को 19 तक दिक्कत झेलनी होगी। इस समय रोडवेज की 582 जनरल बसों में से 250 बसें कानपुर के बेड़े से कम कर दी गई हैं। ऐसे में यात्रियों को परेशानियां हो रही हैं।
परिवहन निगम का कहना है कि 19 मई को अंतिम चरण के चुनाव के बाद बसों की वापसी होगी। इसके बाद ही समस्याओं का समाधान हो सकता है।
चुनाव में जाने वालों को दिक्कतें
आज रायबरेली, लखनऊ, प्रतापगढ़, अमेठी में चुनाव हो रहे हैं। इसलिए अधिकतर लोग रविवार को जाना चाहते थे लेकिन उन्हें परेशानियां हुईं। इस रूट के सबसे ज्यादा यात्री थे और बसें इक्का दुक्का। पूर्वांचल जाने वाले यात्रियों को भी दिक्कतें हुईं। गोरखपुर, बहराइच, गाजीपुर, आजमगढ़, फैजाबाद जाने वाले बस न मिलने से घंटों इंतजार करते रहे। कड़ी धूप में सबसे ज्यादा बच्चों, महिलाओं और बुजुर्गों को परेशानियां हुईं।
यात्रियों को दिक्कतें तो हो रही हैं लेकिन इसका विकल्प नहीं है। 250 बसें जा चुकी हैं। इस समय सभी ड्राइवर और कंडक्टर ड्यूटी कर रहे हैं। बसों के फेरे बढ़ाए गए हैं। 19 मई के बाद बसें वापस आ जाएंगी। - अतुल जैन, क्षेत्रीय प्रबंधक, परिवहन निगम