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आईआईटी रेप केस: धोखा मिलने से डिप्रेशन में छात्रा, बोली- मैं न्याय के लिए लड़ रही हूं, उनसे है बेइंतहा प्यार

Fri, 13 Dec 2024 01:18 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पीड़िता घटना के बाद से डिप्रेशन में है। वर्तमान में उसका डॉ. आलोक बाजपेई से उपचार चल रहा है। डीसीपी साउथ अंकिता शर्मा का कहना है उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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आईआईटी दुष्कर्म कांड - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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मैंने जिनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई, उनसे दीवानों की तरह प्यार करती हूं। यह ही सच है। उनके लिए जान भी दे सकती हूं। उससे ज्यादा मैंने किसी को प्यार नहीं किया। लेकिन उन्होंने अपने प्यार को ही रुला दिया। मैं केवल न्याय के लिए ही लड़ रही हूं।

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उन्होंने मुझको धोखा दिया है। यह मुझे मंजूर नहीं था। यह कहते ही पीड़िता फफक पड़ी। पीड़िता का कहना है कि उनके धोखे ने पूरी तरह से तोड़ दिया है। मैंने उनके खिलाफ एक्शन लिया, उनको सस्पेंड भी कर दिया है। मैं रो रही हूं...प्लीज और कुछ नहीं कहना।

शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करने का आरोप
ये बातें पीड़ित छात्रा ने कही हैं। बता दें कि आईआईटी से पीएचडी कर रही एक छात्रा ने एसीपी साइबर क्राइम व कलक्टरगंज मोहम्मद मोहसिन खान पर शादी का झांसा देकर शारीरिक शोषण करने का आरोप लगाते हुए कल्याणपुर थाने में गुरुवार को केस दर्ज कराया है।

विशेष जांच टीम को सौंपी गई है जांच
युवती का आरोप है कि शादीशुदा होने के बावजूद एसीपी ने खुद को अविवाहित बताकर नजदीकियां बढ़ाईं। फिर शादी का झांसा देकर उसका यौन शोषण करते रहे। आला अधिकारियों ने मामले की जांच एडीसीपी ट्रैफिक अर्चना सिंह की अध्यक्षता वाली विशेष जांच टीम (एसआईटी) को दे दी है। साथ ही मोहसिन को लखनऊ स्थित पुलिस मुख्यालय से संबद्ध कर दिया गया है।

2024 में मोहसिन ने आईआईटी से पीएचडी शुरू की
मूलरूप से लखनऊ के रहने मो. मोहसिन खान 2013 बैच के पीपीएस अफसर है। 12 दिसंबर 2023 से वह कानपुर में तैनात थे। केस दर्ज होने से पहले तक मोहसिन एसीपी कलक्टरगंज के साथ साइबर क्राइम की भी जिम्मेदारी संभाल रहे थे। जानकारी के अनुसार जुलाई 2024 में मोहसिन ने आईआईटी से साइबर क्राइम इन्वेस्टिगेशन एंड साइबर क्रिमिनोलॉजी से पीएचडी शुरू की।

एसीपी के धोखे के बाद डिप्रेशन में आई छात्रा
पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक पीड़िता घटना के बाद से डिप्रेशन में है। वर्तमान में उसका डॉ. आलोक बाजपेई से चल रहा है। डीसीपी साउथ अंकिता शर्मा का कहना है उन्हें इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

छात्रा ने डीसीपी साउथ को दिए कई साक्ष्य
एसीपी पर यौन शोषण का आरोप लगने के बाद डीसीपी साउथ अंकिता शर्मा छात्रा से जानकारी लेने आईआईटी पहुंची। इस दौरान छात्रा ने एसीपी से संबंध के कई दस्तावेज और साक्ष्य दि। जिसमें व्हाट्एप चैटिंग और वीडियो कॉल के स्क्रीनशट, परिसर में इंट्री के साक्ष्य शामिल हैं। इसके अलावा डीसीपी ने आईआईटी कानपुर के गार्ड और कर्मचारियों से भी पूछताछ की।

सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी मांगी
पुलिस इस सब को गवाह के रूप में शामिल किया है। इसके साथ ही अधिकारियों ने परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी मांगी है, ताकि उसके आधार पर साक्ष्य जुटाकर जांच में शामिल किए जा सके। आने वाले दिनों में गार्ड व अन्य कर्मियों के भी बयान दर्ज किए जाएंगे।

छात्रा ने की है ये मांग
पूछताछ के दौरान छात्रा ने मांग की कि आरोपी एसीपी के खिलाफ शादी का झांसा देकर दुष्कर्म करने, धोखाधड़ी, जालसाजी, हेरफेर, मानहानि समेत अन्य गंभीर धाराओं में कार्रवाई की जाए। साथ ही निष्पक्ष और विस्तृत जांच कर एसीपी व उसके सहयोगियों पर आईआईटी कानपुर में प्रवेश पर रोक लगाने और सुरक्षा की समुचित की जाए।

साइबर की जानकारी होने की वजह से रखता था सुरक्षा
पुलिस सूत्र बताते हैं कि मोहसिन पीड़िता से बेहद सुरक्षित तरीके से बातचीत करता था। वह न तो कभी सीयूजी नंबर इस्तेमाल करता था और न ही अपना पर्सनल नंबर, बल्कि छात्रा से बात करने के लिए वह एक और प्राइवेट नंबर का प्रयोग करता था। छात्रा के पास जाने के दौरान वह अपने दोनों सार्वजनिक नंबर सरकारी आवास में छोड़ जाता था।
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छात्रा के साथ हुई घटना की जानकारी मिली है। पूरा संस्थान छात्रा के साथ खड़ा है और इस संकट के समय में हर तरह का सहयोग देने को तैयार है। पुलिस अपनी जांच कर रही है, जिसमें संस्थान पूरा सहयोग करेगा।  -प्रो. मणींद्र अग्रवाल, निदेशक आईआईटी कानपुर
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