कानपुर पुलिस कमिश्नरी के अफसरों ने विदेश मंत्रालय से संपर्क कर 24 घंटे के भीतर कर्नलगंज की पीड़ित महिला को ओमान में मानव तस्करों के चंगुल से छुड़ा लिया है। महिला अब ओमान में भारतीय दूतावास के अफसरों की निगरानी में है। कागजी और कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद महिला भारत लाई जाएगी। उसके बाद वो कानपुर आएगी।
कर्नलगंज निवासी महिला को मानव तस्कर ट्रैवल एजेंट मुजम्मिल और अति उर्र रहमान ने ओमान में नौकरी लगवाने का झांसा देकर उसे वहां बेच दिया था। क्राइम ब्रांच ने मंगलवार को दोनों को गिरफ्तार किया था। डीसीपी क्राइम सलमान ताज पाटिल ने बताया कि भारतीय दूतावास के अफसरों ने ओमान सरकार की मदद से पीड़िता को तस्करों के जाल से छुड़वा लिया है। अब वो सुरक्षित है। दो से चार दिन के भीतर भारत लाई जा सकती है।
18 महिलाओं का विवरण विदेश मंत्रालय भेजा
आरोपियों से पूछताछ में जानकारी मिली थी कि उन्नाव, कानपुर की 17 व एक गुजरात की महिला को आरोपियों ने अलग-अलग देशों में बेचा है। विदेश मंत्रालय को इनका ब्योरा भेज दिया गया है। इनकी डिटेल मंत्रालय ने ओमान, मस्कट, कुवैत और सऊदी अरब में भारतीय दूतावास के अफसरों को भेजी है। ताकि उन्हें वापस लाया जा सके।
गरीबों को बनाते थे शिकार
पुलिस की जांच में सामने आया कि आरोपी तस्कर गरीब युवतियों और महिलाओं को निशाना बनाते थे जो नौकरी के लिए कहीं भी जाने को तैयार रहती थीं। मोटी तनख्वा का लालच दिया जाता था।