बताया कि कुछ दिन बाद ससुरालीजनों ने उसे पत्नी से मुलाकात बंद करवा दी। इस पर उसकी पत्नी ने उसे एक पत्र भेजा। जिसमें लिखा था कि उसके पिता यशवीर व भाई सीपू, शिल्पू, भाभी श्वेता उसकी शादी कहीं और तय कर रहे थे, लेकिन पत्नी ने मना कर दिया था। नामजद लोग उस पर जबरन दबाव बना रहे थे। मर्जी से शादी न करने पर जान से मारने की धमकी भी दी। जिसकी रिकॉर्डिंग भी पत्नी ने उसे भेजी थी। आरोप लगाया कि यशवीर, सीपू, शिल्पू, भाभी श्वेता व बुआ ने 25 सितंबर 2022 को षड़यंत्र करके उसकी पत्नी की हत्या कर शव को गायब कर दिया है।
पीड़ित पति के प्रार्थना पत्र के बाद पुलिस सक्रिय हुई। इस संबंध में सीओ अजीतमल प्रदीप कुमार ने बताया कि मौके पर पहुंचकर परिजनों से पूछताछ की है। चौकीदार को भी सक्रिय किया। इस पर चौकीदार सत्यपाल ने हिर्देश का शव जुहीखा पुल के पास यमुना नदी में डाले जाने की जानकारी दी। मौके पर पुलिस बल के साथ पहुंचे सीओ अजीतमल ने जुहीखा पुल के किनारे यमुना नदी से शव बरामद किया। उसके हाथ-पैर बंधे मिले। साथ ही जीभ भी बाहर निकली हुई थी। सीओ ने बताया कि शव की शिनाख्त होने के बाद उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। कोतावाली प्रभारी नीरज यादव ने बताया कि नामजद आरोपियों के खिलाफ हत्या और साक्ष्य छिपाने की धारा में मुकदमा दर्ज किया गया है।