‘पृथ्वीराज कपूर आर्किटेक्ट थे और सुमित्रानंदन पंत मूर्तिकार। बोधिवृक्ष आम का पेड़ था।’ ये अजब-गजब जवाब होली की मसखरी नहीं हैं बल्कि उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन आयोग की पोस्ट ग्रेजुएट टीचर (पीजीटी) परीक्षा के जवाब हैं।
22 फरवरी को हुई परीक्षा की जो आंसर-की मंगलवार को जारी की गई है, उनमें गलतियों की भरमार है। आंसर-की के प्रश्न संख्या 72 में महात्मा गांधी की मां का नाम जानकी बाई बताया गया है, जो गलत है। गांधी जी की मां का नाम पुतली बाई था। इसी तरह की तमाम और गड़बड़ियां हैं, जिससे अभ्यर्थी हैरान हैं।
उनका कहना है कि कॉपी जांचने वालों को ही ‘सामान्य ज्ञान’ की सही जानकारी नहीं है। जिस अभ्यर्थी ने हर क्वेश्चन का सही जवाब दिया होगा, आंसर-की के हिसाब से उसका बेड़ा गर्क हो जाएगा। कला वर्ग के क्वेश्चन संख्या 16, 26, 72 सहित तमाम क्वेश्चन के आंसर गलत हैं।
पीजीटी परीक्षा 22 फरवरी को हुई थी। इसमें कानपुर नगर से 18500 अभ्यर्थी शामिल हुए थे। पूरे प्रदेश से 10 लाख से ज्यादा अभ्यर्थियोें ने पेपर दिया था। पीजीटी परीक्षा की आंसर-की का पूरा ब्यौरा वेबसाइट www.upsessb.org पर उपलब्ध है।
कला वर्ग की बुकलेट सिरीज (17 पीजी) की आंसर-की में ज्यादातर क्वेश्चन के गलत आंसर दिए गए हैं। आंसर-की के मुताबिक हाल ही में क्रिकेट बॉल लगने से दक्षिण अफ्रीका के मशहूर क्रिकेटर जैक कालिस की मृत्यु हो गई। जबकि ऐसा नहीं है। क्रिकेट बॉल लगने से आस्ट्रेलिया के फिलिप ह्यूज की मौत हुई थी।
कला वर्ग की इस सिरीज की बुकलेट से 125 क्वेश्चन पूछे गए थे। 425 मार्क्स का पेपर दो घंटे में हल कराया गया था लेकिन गलत आंसर-की जारी होने से अभ्यर्थियों में जबरदस्त निराशा है।
क्राइस्ट चर्च इंटर कॉलेज पर परीक्षा देने वाली तूलिका का कहना है कि आंसर-की में दिए गए ज्यादातर जवाब (आंसर) गलत हैं। आंसर-की बदली जानी चाहिए। अभ्यर्थियों ने पूरे मामले की जांच कराकर नए सिरे से मूल्यांकन कराने की मांग की है।
माध्यमिक शिक्षा सेवा चयन आयोग से जुड़ा मसला है। आंसर-की में गलती की जानकारी चेयरमैन को दी जाएगी ताकि सही आंसर-की जारी की जा सके। जिन अभ्यर्थियों ने सही आंसर दिए हैं, उनका सेलेक्शन होना चाहिए। आंसर-की की गलती का खामियाजा अभ्यर्थी नहीं भुगतेंगे।
-डॉ. अंजना गोयल, संयुक्त शिक्षा निदेशक, माध्यमिक शिक्षा