बड़े पैमाने पर जारी किए थे फर्जी जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र
इन लोगों के पास से पांच मोबाइल फोन, 14 आयुष्मान कार्ड, सात एटीएम, 25 फर्जी जन्म प्रमाण पत्र पांच मृत्यु प्रमाण पत्र, एक हार्डडिस्क, एक कार, एक ड्राइविंग लाइसें और 27690 रुपये बरामद किए हैं। इनमें लाल बिहारी पाल हरदोई के अहिरोरी विकास खंड में ग्राम पंचायत अधिकारी के पद पर तैनात है। हरदोई के टड़ियावां क्षेत्र के अलीशाबाद और रावल में भी बड़े पैमाने पर फर्जी जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र जारी किए गए थे। एसटीएफ की कार्रवाई को इससे भी जोड़कर देखा जा रहा है।
दो महीने के लिए अवकाश पर था लाल बिहारी
जनपद में फर्जी प्रमाण पत्र बनाए जाने का खुलासा होने के बाद लाल बिहारी ने ब्लाक में आना जाना कम कर दिया था। इसके बाद वह 23 अगस्त से 22 अक्तूबर तक के लिए अर्जित अवकाश लेकर चला गया था। अर्जित अवकाश पर जाने की वजह अब लोगों को समझ में आ रही है। दरअसल एसटीएफ का जो दावा है उससे लगता है कि लाल बिहारी लंबे समय से फर्जी प्रमाण पत्र बनाने के काम में शामिल था।