हरदोई जिले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (पाक्सो कोर्ट) ने दुष्कर्म के दोषी सूरज को 10 साल की सजा सुनाई है। साथ ही दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना न देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
विशेष लोक अभियोजक अमित कुमार शुक्ला ने बताया कि टडियावां थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने दी तहरीर में बताया था कि 21 जनवरी 2017 कि सुबह उसकी 17 वर्षीय पुत्री शौच करने गई थी।
जब उसकी बेटी देर तक वापस नहीं आई तो, उसने इधर-उधर पता लगाया। पता चला कि उसकी बेटी गांव का सूरज बहला कहीं ले गया है। तहरीर के आधार पर पुलिस में रिपोर्ट दर्ज की थी। विवेचना के दौरान गवाहों और पीड़िता के बयान लेने के बाद पुलिस ने सूरज के विरुद्ध दुष्कर्म व अपहरण के तहत आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था।
जिसकी सुनवाई यहां न्यायालय में चल रही थी। विशेष लोक अभियोजक ने कहा कि दोषी को अधिक से अधिक सजा दी जाए। दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद जज अबुल कैश ने दुष्कर्म का दोषी मानते हुए सूरज को 10 वर्ष की सजा सुनाई है। दोषी को पुलिस अभिरक्षा में लेकर जेल भेज दिया गया है।