उन्होंने बताया कि उसकी बेटी आफरीन बेगम उर्फ अफसाना का निकाह 12 साल पहले तसमीर के साथ हुआ था। बताया कि उसकी बेटी तीन वर्ष पूर्व गांव के ही शराफत के साथ चली गई थी। इसके बाद उसका अपनी बेटी से कोई भी संपर्क नहीं हुआ।
अमजद की तहरीर पर शराफत व अन्य के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच में पता चला था कि शराफत ने एक साथी के साथ मिलकर महिला की हत्या की है। इसके बाद पुलिस टीम को जानकारी मिली कि शराफत शाहाबाद तिराहे पर कहीं भागने की फिराक में खड़ा है। इस पर हरियावां पुलिस ने पहुंचकर शराफत को गिरफ्तार किया।
शराफत ने बताया कि उसको शक था कि आसरीन का किसी अन्य व्यक्ति से भी संबंध है। इस कारण उसने हत्या कर दी। खुलासे के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी दुर्गेश कुमार सिंह व सीओ हरियांवा शिल्पा कुमारी भी मौजूद रहीं।
इस तरह से हत्या की रची थी साजिश
पुलिस की पूछताछ में शराफत ने बताया कि वारदात को अंजाम देने के लिए वह आसरीन को हरदोई स्थित किराये के मकान से लेकर प्राइवेट वाहन पर गोपामऊ पहुंचा। यहां पर बाइक पर उसका साथी भी पहुंच गया। इसके बाद तीनों एक बाइक पर सवार होकर हरियावां थाना क्षेत्र के डगरहा गांव के पास स्थित पिहानी रजबहा माइनर पर पहुंचे।
शराफत ने बताया कि उसने शौच के बहाने बाइक रुकवाई और फिर घटनास्थल पर आसरीन को जान से मारने की नीयत से हाथ व दुपट्टे से गला दबा दिया। उसे मृत समझने पर पहचान छुपाने के उद्देश्य से दोनों ने मिलकर ज्वलनशील पदार्थ व पराली डालकर आग लगा दी। इसके बाद दोनों मौके से चले गए।
खुलासा करने वाली टीम को मिला 25 हजार रुपये का इनाम
खुलासा करने में स्वाट टीम के साथ हरियावां थानाध्यक्ष केके यादव व उनकी टीम एसओजी प्रभारी बृजेश मिश्रा, सर्विलांस प्रभारी प्रेम सागर टीम व मुखबिरों को भी लगाया गया था। एसपी ने बताया कि जिले में कहीं भी महिला की गुमशुदगी दर्ज नहीं थी। इसलिए यह ब्लाइंड मर्डर पुलिस के लिए चुनौती बना हुआ था।