अधिकारियों की ओर से आश्वासन मिला है कि स्टाइपेंड बढ़ोतरी का प्रस्ताव 15 दिनों के भीतर राज्य कैबिनेट के समक्ष रखा जाएगा। शासन से मिले आश्वासन के बाद इंटर्न्स ने मुख्य आंदोलन को 7 सितंबर 2026 तक स्थगित करने का निर्णय लिया है। हालांकि, सरकार को मांग की याद दिलाने के लिए प्रदेशभर के इंटर्न्स ड्यूटी के दौरान काली पट्टी बांधकर विरोध दर्ज करा रहे हैं।
प्रदर्शनकारी इंटर्न्स का कहना है कि यदि 7 सितंबर तक सरकार की ओर से लिखित और ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो 8 सितंबर 2026 से प्रदेशव्यापी हड़ताल और आंदोलन दोबारा शुरू किया जाएगा।