रसूलाबाद। समग्र शिक्षा एवं निपुण भारत मिशन के तहत चंद्रप्रभा शर्मा डिग्री कॉलेज रसूलाबाद में चल रहे पांच दिवसीय प्रशिक्षण के आठवें बैच के चौथे दिन बृहस्पतिवार को संदर्भदाता शैलेश पाल ने शिक्षकों से कहा कि बच्चों को गणित पढ़ाते समय गणित को आसपास के वातावरण तथा वास्तविक दुनिया से जोड़ें। जिससे बच्चे समझ सके कि गणित उनके जीवन में कैसे उपयोगी है। बच्चों को प्रश्न पूछने और प्रयोग करने के लिए प्रोत्साहित करें। संदर्भदाता हिमांशु गुप्ता ने शिक्षकों से कहा कि गणित विषय को बच्चों के लिए रुचिकर बनाने के लिए उनके आसपास की चीजों में संख्याओं और आकृतियों के उदाहरण दें। गणित के प्रति उनके डर को कम करने के लिए सकारात्मक और उत्साहजनक माहौल बनाएं। संदर्भदाता दिनेश कुमार ने शिक्षकों से कहा कि बच्चों को गिनती सिखाने के लिए असली वस्तुओं जैसे कंकड़, फल, बटन आदि का उपयोग करें। बच्चों को आकृतियों और उनके गुणों की पहचान करना सिखाएं। प्रशिक्षण में सारिका, मीरा सोनकर, मीनू सिंह, प्रतिमा कुशवाहा, सुमन, सुशीला, भानुप्रताप, विजय सिंह आदि मौजूद रहे। (संवाद)