मृतक के घर के बाहर तैनात पीएसी व पुलिस बल
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गैंगस्टर पप्पू बाजपेई हत्याकांड में ग्रामीणों ने दरोगा की करतूत का पर्दाफाश किया। सादे कपड़ों में सिपाही के साथ पहुंचे दरोगा ने जुआ खेल रहे ग्रामीणों को चेतावनी दी कि कोई भागेगा नहीं वरना गोली मार दूंगा।
इतना सुनते ही वहां भगदड़ मच गई। सभी भाग गए लेकिन पप्पू नशे में भाग नहीं पाया। पुलिसकर्मी पैसा लूटने लगे तो पप्पू ने विरोध किया, तब उसके सीने में गोली दाग दरोगा भाग निकला। ये खुलासा पप्पू के चचेरे भतीजे नीरज बाजपेई ने किया।
नीरज ने बताया कि गांव किनारे गन्ने के खेत में जुए की फड़ लगी थी। वहां पर पप्पू भी जुआ खेल रहा था। तभी अचानक पीछे से आवाज आई कि भागना मत, वरना गोली मार दी जाएगा। हम पुलिस वाले हैं।
डर के मारे सभी वहां से भागने लगे। पुलिसकर्मियों ने रुपये लूटने का प्रयास किया और विरोध पर पप्पू को मार दिया। नीरज ने बताया कि गोली मारने वाला सफेद टीशर्ट व नीली जींस पहने था। इस बयान को सुनने के बाद पुलिस अफसरों ने नामजद आरोपियों की धरपकड़ करने के साथ ही पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच शुरू की जिसमें दरोगा प्रेमवीर सिंह के खिलाफ साक्ष्य मिले तभी उसकी गिरफ्तारी की गई।