एवरेस्ट चढ़ने वाली पहली भारतीय महिला पर्वतारोही बछेंद्री पालएवरेस्ट
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कानपुर: उत्तर प्रदेश के तीन शहरों कानपुर, इलाहाबाद और बनारस में गंगा सबसे ज्यादा प्रदूषित है। इसकी सफाई के लिए सबका सहयोग जरूरी है। जब तक सभी खुद में सुधार नहीं करेंगे, इसे साफ नहीं किया जा सकता है। गंगा की सफाई, एवरेस्ट की चढ़ाई से ज्यादा कठिन है। यह कहना है एवरेस्ट पर चढ़ने वाली पहली भारतीय महिला पर्वतारोही बछेंद्री पाल का। वो रविवार को नमामि गंगे मिशन के तहत बिठूर के ब्रह्मावर्त घाट पर अपनी 40 सदस्यीय टीम के साथ राफ्टिंग करते हुए पहुंची थीं। घाट पर गंगा मैया की जयकारों के साथ माला पहनाकर उनका स्वागत किया गया।
उन्होंने कहा कि मैंने गंगा यात्रा के दौरान गंगा की दशा देखी है। नदी के रास्ते से हम उन स्थानों को आसानी से पहचान सकते हैं जहां पर प्रदूषण सबसे ज्यादा है। हरिद्वार से पटना की दूरी 1500 किलोमीटर है। इस दूरी को राफ्टिंग के जरिए तय किया जा रहा है। इस रास्ते में उत्तर प्रदेश के तीन सबसे आध्यात्मिक शहर कानपुर, इलाहाबाद और बनारस हैं और तीनों जगह गंगा बहुत प्रदूषित है। कन्नौज के बाद जैसे ही मैंने कानपुर की गंगा में प्रवेश किया, प्रदूषण की मात्रा अचानक बढ़ गई।
एवरेस्ट चढ़ने वाली पहली भारतीय महिला पर्वतारोही बछेंद्री पाल
14 से 18 तक जागरुकता फैलाएंगी
तीस दिनों की इस यात्रा में 14 से 18 अक्तूबर तक उनकी टीम शहर में रुकेगी। उन्होंने अपनी टीम के साथ अक्तूबर से हरिद्वार यात्रा शुरु की थी। चार दिन तक शहर में गंगा सफाई के प्रति जागरूक करने के लिए टीम बच्चों से स्कूलों में, इंटर कॉलेजों में, कवि सम्मेलन, पेटिंग के जरिए लोगों को जागरूक करेगी। बछेन्द्र पाल एवं उनकी 40 सदस्यीय टीम का स्वागत डीएफओ अरविन्द कुमार यादव, उपनगर आयुक्त अरविन्द लाल बिन्द, गंगा विचार मंच के अनिल सिंह बाबा, राघवेन्द्र सिंह एवं उमेश निगम, टाटा स्टीलस के अधिकारियों ने किया।
ये है कार्यक्रम
15 अक्तूबर को बिठूर घाट पर स्वच्छता श्रमदान, विश्वविद्यालय में छात्र-छात्राओं के साथ गंगा स्वच्छता पर संवाद, मोतीझील परिसर में नगर निगम कर्मियों से सवंाद।
16 अक्तबूर को परमट एवं सरसैया घाट पर श्रमदान कार्यक्रम, एएनडी डिग्री कॉलेज में संवाद, चिन्टल्स स्कूल में गंगा स्वच्छता पर संवाद, आईआईटी में गंगा स्वच्छता पर चर्चा, सरसैया घाट पर नुक्कड़ नाटक एवं कवि सम्मेलन।
17 अक्तूबर को मैस्कर एवं सिद्घनाथ घाट पर स्वच्छता श्रमदान, सरस्वती ज्ञान मंदिर में गंगा स्वच्छता पर संवाद, स्वच्छता जागरूकता रोड शो, प्रेस वार्ता एवं 18 अक्तूबर को कानपुर से इलाहाबाद के लिए प्रस्थान।