भोगनीपुर तहसील क्षेत्र के गांव कुढ़वा का पुरवा में मंगलवार शाम लगी आग
में 40 से अधिक घरों के लाखों की नगदी, जेवर, अनाज, कपड़े और अन्य समान राख
गए। घटना में कई लोग झुलस गए। 400 से ज्यादा लोगों के पास जीवन यापन के
लिए कुछ भी नहीं बचा।
बुधवार की दोपहर मदद न मिलने से नाराज ग्रामीण जिला
स्तरीय खरीफ गोष्ठी जा धमके। विकास भवन सभागार में गोष्ठी चल रही थी।
किसानों को जिला स्तरीय अधिकारी और वैज्ञानिक अच्छे ढंग से खेती करने के
गुर सिखा रहे थे। उनका सीधा संवाद कार्यक्रम चल रहा था कि दोपहर ढाई बजे
जैसे ही अग्नि पीड़ित जिलाधिकारी के पास आ पहुंचे।
गोष्ठी में अफरातफरी मच
गई। मौके पर मौजूद अफसरों और कर्मचारियों ने उनको रोकने की काफी कोशिश की,
लेकिन वह नहीं माने और हंगामा करने लगे। लोगों ने बताया कि लेखपाल ने
अहेतुक सहायता के लिए हुए नुकसान का सर्वे किया और सभी को पांच-पांच हजार
की चेक देने लगे जो कि नाकाफी है।
मामला संभलता न देख जिलाधिकारी ने सभी को
हर संभव मदद का आश्वासन दिया और सभी को भोजन भी कराया। इसके बाद आग लगाने
वाले खिलाफ कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी एसपी कार्यालय जाने को कहा। इसके
बाद रामबाबू, रामकुमार, राकेश, राजेंद्र, ममता समेत कई महिलाओं व बच्चों ने
एसपी कार्यालय पहुंचकर तहरीर दी।
इसी बीच सदर विधायक रामस्वरूप सिंह गौर व
एसडीएम की मौजूदगी में गांव के छोटेेलाल को 15,455, पुत्तन 10085,
सुरेंद्र 10,015 रंजीत 9,840 और मलूके को 9665 की चेक दी गई।