सेंट्रल यूपी के चार जिलों उन्नाव, कन्नौज, औरैया व जालौन में पराली जलाने के मामले में प्रशासन सख्त रुख अख्तियार किया है। इसके चलते 28 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हुई है। 274 किसानों पर जुर्माना की कार्रवाई की गई है। सबसे बड़ी कार्रवाई औरैया में हुई है। यहां 14 किसानों पर रिपोर्ट व 236 पर जुर्माना किया गया।
एक लेखपाल को निलंबित कर 32 को चेतावनी जारी की गई है। ताबड़तोड़ हो रही इस कार्रवाई से किसानों में हड़कंप मचा है। उन्नाव में खेत में पराली जलाने पर जिले की छह तहसीलों में 54 किसानों को चिन्ह्ति किया गया है। इनमें पुरवा में दो किसानों पर रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई है। 38 किसानों पर ढाई-ढाई हजार रुपये जुर्माना लगाया गया है।
कन्नौज जिले के तिर्वा में पराली जलाकर पर्यावरण प्रदूषित करने के आरोप में तहसील प्रशासन ने 22 किसानों को चिह्नित कर नोटिस भेजा है। इनमें 12 के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। 10 के खिलाफ पुलिस को तहरीर साैंपी गई है। औरैया में जिला प्रशासन ने पराली जलाने के मामले में 24 घंटे के अंदर विभिन्न थानों में 14 किसानों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई हैं।
जबकि 20 दिनों में 236 किसानों पर पांच लाख 90 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। कोताही बरतने पर औरैया तहसील के एक लेखपाल को मंगलवार को निलंबित, 32 को चेतावनी तथा एसडीएम बिधूना पर पांच हजार रुपये वसूली का नोटिस दिया गया है। जालौन में उपजिलाधिकारी ने सख्ती दिखाते हुए चार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की है। साथ ही हिदायत दी गई कि अगर नहीं मानेंगे तो उनके खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।
कानपुर देहात के डेरापुर में खेतों में पराली जलाने में दो किसानों को गिरफ्तार किया गया है। पराली जलाने की सूचना अफसरों को न देने पर लेखपाल को निलंबित किया गया है। प्रधान समेत 16 अन्य किसानों पर जुर्माना लगाया गया है। आठ लेखपालों और दो राजस्व निरीक्षकों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है। पराली जलाने का खुलासा दिल्ली में एनजीटी की ओर से सेटेलाइट से की जा रही निगरानी में हुआ।