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Farrukhabad: भ्रष्टाचार व गलत नियुक्ति के आरोप में सचिव निलंबित, तत्कालीन बीडीओ भी कार्रवाई के घेरे में

Sat, 10 Jun 2023 06:22 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद

सार

Farrukhabad News: यूपी के फर्रुखाबाद जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई की गई है। प्रधानमंत्री आवास, शौचालय निर्माण में भ्रष्टाचार व पंचायत सहायक की गलत नियुक्ति में सचिव को निलंबित कर दिया गया है। गलत भुगतान में तत्कालीन बीडीओ भी कार्रवाई के घेरे में आ गए हैं।
 
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
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फर्रुखाबाद में प्रधानमंत्री आवास, शौचालय निर्माण में भ्रष्टाचार व पंचायत सहायक की गलत नियुक्ति में ग्राम विकास अधिकारी (सचिव) को डीडीओ ने निलंबित कर दिया है। अभी विभागीय कार्रवाई शेष है। बीडीओ को 15 दिन में जांच पूरी कर आरोप पत्र दाखिल करने के आदेश दिए गए हैं। गलत भुगतान में तत्कालीन बीडीओ भी कार्रवाई के घेरे में आ गए हैं।

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मोहम्मदाबाद की ग्राम पंचायत बीघामऊ में प्रधानमंत्री आवास आवंटन, शौचालय निर्माण व अन्य विकास कार्यों में हुई धांधली की शिकायत लोकायुक्त से की गई थी। 7 जून को सीडीओ अरविंद कुमार मिश्र, एडीएम सुभाष चंद्र प्रजापति ने अन्य अधिकारियों के साथ गांव पहुंचकर जांच की। इसमें भ्रष्टाचार की पोल खुल गई। 2014-15 में 10 व 2015-16 में पांच ऐसे आवास के लाभार्थी चयनित किए गए, जिन्हें पहले भी आवास मिल चुका था। जांच रिपोर्ट के अनुसार अलामुद्दीन, हजरतदीन, आमिर, अलीशान, साकिर, गीता देवी, धनदेवी, रेखा देवी, आदिल, शसरन, रन्ना देवी, सुषमा देवी, सावित्री, सोनी देवी, मंजला देवी को आवास दिया गया।

इनमें पूर्व में आवास पा चुके लाभार्थियों के नाबालिग पुत्रों को लाभार्थी बनाया गया। यह लाभार्थी न तो गांव में रहते हैं और न ही आवासों का निर्माण कराया गया। आवास की धनराशि निकालकर बंदरबांट कर लिया गया। कुलदीप, मोहित, मुनीश, नितिन, पवन कुमार, सुरजन सिंह, आशा, गौरव सिंह के शौचालय भी अधूरे मिले।

कोटेदार व परिजनों के बने जॉबकार्ड पर किया भुगतान
मनरेगा में बीघामऊ निवासी कोटेदार राजू, उनकी पत्नी राजेश्वरी, पुत्र कुलदीप, मोतीलाल के दो जॉबकार्ड, उसकी पत्नी कुसुमा देवी, पुत्र विकास, भूमिराज, शैलेंद्र व उसकी पत्नी पूजा कनौजिया, विजय सिंह व उसकी पत्नी निर्जला देवी, अजीत यादव, उसके भाई प्रवेश कुमार, रामशंकर व उसके भाई मुन्नलाल, विष्णुओम व उसकी पत्नी सीमा देवी, मोतीलाल व उसके भाई सोनेलाल, संतोष कुमार की पत्नी करिश्मा देवी व पुत्र मयंक, गीता देवी, अवधेश कुमार सिंह, सुरजा देवी आदि के जॉब कार्ड बनाकर उनके खातों में भुगतान किया गया। नौ जॉबकार्ड धारक ग्राम पंचायत से बाहर के निवासी हैं। उन्हें भी लाभ पहुंचाया गया।
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सदस्य को पंचायत सहायक बनाने में भी दोषी
ग्राम पंचायत मौधा में तैनाती के दौरान ग्राम विकास अधिकारी राजीव गौतम ने ग्राम पंचायत सदस्य नगला दलजीत सिंह निवासी रश्मि यादव पत्नी सतेंद्र सिंह को पंचायत सहायक नियुक्त कर दिया था। 17 माह मानदेय भी दिया गया। शिकायत पर हुई जांच में सचिव गलत नियुक्ति में दोषी पाए गए।

इन सभी मामलों में डीडीओ योगेंद्र कुमार पाठक ने ग्राम विकास अधिकारी राजीव गौतम को निलंबित करते हुए अपने कार्यालय से संबद्ध कर लिया। बीडीओ कमालगंज आलोक आर्या को जांच अधिकारी नामित कर 15 दिन में आरोप पत्र तलब किया है। उन्होंने बताया कि सचिव की एक वेतन वृद्धि रोकने और पंचायत सहायक के मानदेय की रिकवरी के लिए जिलाधिकारी को संस्तुति की गई है।
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