फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Farrukhabad: ग्लेशियर की चपेट में आए थे हवलदार कुलदीप; गेट पर हुए बेहोश और थम गईं सांसें, परिजन रो-रोकर बेहाल

Fri, 06 Mar 2026 05:40 PM IST
Himanshu Awasthi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, फर्रुखाबाद

सार

Farrukhabad News: लेह में ग्लेशियर की चपेट में आने के बाद उपचार कराकर यूनिट लौटे हवलदार कुलदीप यादव गेट पर बेहोश हो गए और अस्पताल में दम तोड़ दिया। शनिवार दोपहर बाद उनका पार्थिव शरीर पैतृक गांव पहुंचेगा।
विज्ञापन
रोते बिलखते परिजन - फोटो : amar ujala
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

लेह के यूनिट ऑफिस में रिपोर्टिंग करते लौटते समय ग्लेशियर में दबने के बाद इलाज कराके लौटे हवलदार कुलदीप यादव गेट पर ही बेहोश हो गए। इलाज के लिए सैनिक अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। सूचना मिलने पर परिजन बेहाल हो गए। शनिवार दोपहर बाद शव पहुंचने की उम्मीद है। थाना क्षेत्र के गांव कलौली निवासी हवलदार कुलदीप यादव (34) नासिक के 872 लाइट रेजिमेंट तोपखाना में तैनात थे।

विज्ञापन

उनकी यूनिट इन दिनों लेह के ग्लेशियर पर पाकिस्तान बॉर्डर जाने के लिए पत्तापुर (लेह) में ट्रेनिंग कर रही है। दो मार्च की दोपहर करीब ढाई बजे वह यूनिट ऑफिस में रिपोर्टिंग करने गए थे। वापस आते समय ग्लेशियर में दब गए। जवानों ने सर्च ऑपरेशन चलाकर उन्हें निकाल लिया। इसके बाद अस्पताल में भर्ती कराया। स्वास्थ्य लाभ लेने के बाद वह बृहस्पतिवार को यूनिट ऑफिस के गेट पर पहुंचे, तो बेहोश होकर गिर पड़े।

Trending Videos
विज्ञापन

शनिवार दोपहर बाद शव घर पहुंचने की उम्मीद
सेना ने उन्हें लेह के अस्पताल में भर्ती कराया। वहां रात 10.30 बजे अंतिम सांस ली। रात 11 बजे के करीब परिजन को सूचना दी गई। इससे परिजन में चीख पुकार मच गई। एटा के अलीगंज निवासी बहनोई सेवानिवृत्त हवलदार सुभाष चंद्र यादव ने बताया कि घर में पिता महेंद्र सिंह यादव, माता गेंदा देवी, पत्नी प्रियंका यादव और पुत्री मन्नत व पुत्र राम है। वह सात भाइयों में चौथे नंबर के थे। बड़े शिवराम सिंह, रामजीत, सुरजीत और छोटे अतुल, आलोक, अवनीश हैं। बताया कि शनिवार दोपहर बाद शव घर पहुंचने की उम्मीद है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें