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Etawah: भाभी की मौत का गम बर्दाश्त न कर सका, देवर ने भी फंदा लगाकर दी जान

Mon, 04 May 2026 08:40 PM IST
Shikha Pandey न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इटावा

सार

Etawah News: रविवार रात भाभी ने फंदा लगा जान दी थी। सोमवार को देवर ने मौत को गले लगा लिया। घटना से परिजनों में कोहराम मच गया। 
 
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तारा देवी व अजय गौतम की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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भरेह थाना क्षेत्र के हरौली बहादुर गांव में देवर-भाभी की मौत से सनसनी फैल गई। रविवार रात भाभी ने जहां घर के अंदर फंदा लगाकर जान दे दी। वहीं, सोमवार दोपहर देवर ने दहेज एक्ट में परिवार पर कार्रवाई के डर से घर के बाहर बबूल के पेड़ पर रस्सी का फंदा लगाकर जान दे दी। पुलिस व फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य एकत्र किए। घटना के बाद गांव में कई तरह की चर्चाएं हो रही है, हालांकि कोई कुछ खुलकर नहीं बोल रहा है।
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हरौली बहादुर निवासी तारा देवी (28) पत्नी टिंकू दोहरे रविवार रात करीब 10 बजे खाना खाने के बाद अपने कमरे में सोने चली गई थीं। देर रात लगभग 11 बजे उसने कच्चे मकान की छत की लकड़ी के सहारे फंदा लगा लिया। बर्तन गिरने का शोर सुनकर जब परिजन कमरे में पहुंचे तो उनका शव लटकता देख सभी के होश उड़ गए।

सूचना पर पहुंची पुलिस व फॉरेंसिक टीम ने साक्ष्य एकत्र कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिवार के सभी लोग पोस्टमार्टम हाउस गए हुए थे। वहीं इस बीच भाभी की मौत के बारे में जानकर सोमवार दोपहर 12 बजे मृतका तारा के देवर अंकित गौतम (22) घर के बाहर बैठे पड़ोसियों से खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकल गया था।
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पेड़ से लटका मिला शव
दोपहर डेढ़ बजे घर से लगभग आधा किलोमीटर दूर खेत में बबूल के पेड़ पर बने फंदे से उसका शव भी लटका मिला। गांव वालों ने परिजनों को फोन पर सूचना दी। सोमवार शाम को महिला का अंतिम संस्कार यमुना नदी किनारे कर दिया गया, जबकि युवक का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घटना के बाद गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। बताया जा रहा है कि युवक ने दहेज हत्या में फंसने के डर की वजह से जान दे दी है। फिलहाल थाना पुलिस और फॉरेंसिक टीम पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है।

 

अवसाद में रहने की बात सामने आई
भरेह थाना प्रभारी जगदीश भाटी ने बताया कि तारा की शादी को छह साल हो गए थे लेकिन बच्चे न होने से अवसाद में रहने की बात सामने आई है। मायके पक्ष ने भी कोई आरोप नहीं लगाया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में फंदा लगाने की पुष्टि हुई है। महिला का अंतिम संस्कार हो गया हैं। युवक का शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।

 
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जन्म के बाद दोनों बच्चों की हो गई मौत
तारा देवी का मायका कानपुर देहात के थाना रसूलाबाद के घुक्का पुरवा में है। टिंकू का तारा से छह साल पहले विवाह हुआ था। परिजन ने बताया कि तारा पांच बहनों में चौथे नंबर की थी। शादी के बाद उसने दो बच्चों को जन्म दिया लेकिन दोनों की अस्पताल में ही मृत्यु हो गई थी। तब से वह काफी परेशान थी। पिता और मायके पक्ष के लोगों ने किसी पर भी कोई आरोप नहीं लगाया है।
 
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