बुधवार सुबह करीब 10 बजे रामखेलावन और बड़े बेटे अवनीश के बीच इलाज के खर्च और देखभाल को लेकर कहासुनी हो गई। इसी दौरान मनीषा भी मौके पर पहुंच गई। विवाद के बीच मनीषा ने फसल और संपत्ति के बंटवारे की बात उठाई और कहा कि हिस्सा मिलने पर ही वह लोग देखभाल करेंगे। इस पर रामखेलावन भड़क गया और उसने मनीषा पर हाथ उठाने की कोशिश की। बीच-बचाव में अवनीश ने पिता को धक्का दे दिया। इससे विवाद और बढ़ गया।
अपमानित महसूस करने पर रामखेलावन कमरे से लाइसेंसी दुनाली बंदूक लेकर बाहर आया और दरवाजे पर खड़े अवनीश पर गोली चला दी। गोली उसके दाहिने हाथ और पंजे में लगी। इसके बाद दूसरी गोली मनीषा के पेट में जा लगी। एक साथ दो गोलियां चलने से ग्रामीण डर के कारण तुरंत मदद को आगे नहीं आए।
कुछ लोगों ने एंबुलेंस और पुलिस को सूचना दी। करीब 40 मिनट के बाद ग्रामीण और प्रधान मौके पर पहुंचे और दोनों घायलों को निजी वाहन से सीएचसी भेजा गया। यहां से उन्हें कानपुर रेफर कर दिया गया। पुलिस दोनों को रीजेंसी अस्पताल लेकर पहुंची। यहां अवनीश को मृत घोषित कर दिया गया।
एसपी अभिमन्यु मांगलिक, सीओ गौरव शर्मा समेत अन्य पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। एसपी ने परिजन और अवनीश के ससुर संतोष से पूछताछ की। फॉरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए।
पीआरवी को सूचना मिली थी कि रामखेलावन ने बेटे और बहू पर फायर किया है। पुलिस ने दोनों को कानपुर के रीजेंसी अस्पताल ले गई। आरोपी साइकिल से भाग निकला। लाइसेंसी बंदूक बरामद कर ली गई है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। बंदूक के लाइसेंस के निरस्तीकरण के लिए पत्राचार किया जाएगा। - अभिमन्यु मांगलिक, एसपी