झींझक। पारेषण केंद्र कठिका से भोलानगर के लगरथा रोड विद्युत उपकेंद्र में आने वाली 33केवी लाइन के तार पर किशौरा गांव के पास पेड़ टूटकर गिर गया। इससे लाइन का तार टूटने से पांच घंटे तक दो मोहल्लों और सौ गांवों की बिजली आपूर्ति ठप रही। फाल्ट ठीक होने पर आपूर्ति बहाल हो सकी।
गुरुवार दोपहर एक बजे किशौरा गांव के पास एक पेड़ टूटकर गिरने से तार टूट गया। इससे लगरथा रोड विद्युत उपकेंद्र के औरंगाबाद, कांशीराम, अकारु, भोलानगर, मंगलपुर फीडरों से जुड़े खानपुर रोड व भोलानगर मोहल्ले के अलावा सांधूपुर, मंगलपुर, उइछा, मुंडेरा, गौरी, लगरथा, औरंगाबाद, परजनी समेत सौ गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। सूचना पर पहुंचे कर्मियों ने तारों से टूटे पेड़ को हटाकर मरम्मत शुरू की। शाम छह बजे बिजली आपूर्ति दोबारा बहाल हो सकी। मंगलपुर के वरुण चौबे, मुंडेरा के भूरा, गौरी के श्यामू, औरंगाबाद के राजन ने बताया कि आए दिन विद्युत आपूर्ति बाधित होने से उमस भरी गर्मी में परेशान होना पड़ता है। जेई सचिन यादव ने बताया कि तार टूटने से दिक्कत आई।
कई स्थानों पर फाल्ट से आपूर्ति को झटका
सरवनखेड़ा। आए दिन फाल्ट और बिजली कटौती से ग्रामीण परेशान हैं। गुरुवार को तेज हवा चलने से कई जगह फाल्ट हो गए। इससे बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।
बुधवार रात तेज हवा चलने पर बिजली व्यवस्था फिर लड़खड़ा गई। रात 12 बजे बिजली गुल हो गई। गुरुवार भोर पहर एक घंटे आपूर्ति हुई। इसके बाद पूरे दिन बिजली गायब रही। विभाग के लोगों ने बताया कि तेज हवा की वजह से कई जगह विद्युत लाइन पर पेड़ गिर गए। इससे आपूर्ति बाधित हुई है। सरवनखेड़ा व भगिरथापुर गांव में लाइन पर पेड़ गिरने से पोल व तार क्षतिग्रस्त हो गए। इसके पहले बुधवार को मुख्य लाइन में फाल्ट होने से सात घंटे आपूर्ति बाधित रही थी। हरमोहन सिंह, प्रदीप सिंह, बउवा मिश्र ने बताया कि आए दिन आपूर्ति बाधित होती है। जेई अंबिका प्रसाद पांडेय ने बताया कि तेज हवा चलने से कई जगह फाल्ट होने से दिक्कत आई।