अखिलेश यादव और सीएम योगी आदित्यनाथ (फाइल फोटो)
सपा शासनकाल में शुरू की गई तमाम योजनाओं पर 'योगी ग्रहण' लग गया है। इससे गरीबों को धक्का लगा है। दरअसल, इन योजनाओं से सबसे अधिक लाभ गरीबों को हो रहा था। योगी सरकार के आते ही लाभार्थियों के अरमानों पर पानी फिर गया है।
बच्चों के स्कूल बैग और राशन कार्ड से अखिलेश गायब
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योगी आदित्यनाथ के मुख्यमंत्री बनते ही यूपी में तमाम योजनाओंं पर ग्रहण लग गया है। पहले बच्चों के स्कूल बैग और राशन कार्ड से अखिलेश यादव की तस्वीर को हटाने का आदेश दिया गया और अब समाजवादी पेशंन को बंद करने के आदेश दिए गए हैं।
समाजवादी आवास स्कीम रोकने के आदेश
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समाजवादी आवास स्कीम को भी रोकने का आदेश सीएम योगी ने दे दिया है। सीएम योगी के आदेश के बाद अब यूपी में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मध्यम वर्ग और निम्न वर्ग के लोगों को सस्ते दामों पर 2बीएचके और 3बीएचके फ्लैट दिए जाएंगे। बता दें, केंद्र में मोदी सरकार बनने के बाद देशभर में सस्ता घर दिलाने के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना को लांच किया गया था। वहीं, अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री रहते हुए यूपी में इस योजना को प्रोत्साहन देने के बजाय समाजवादी आवास स्कीम को लांच किया था।
समाजवादी पेंशन भी कराई बंद
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समाजवादी नाम से जुड़ी तमाम योजनाओं के भुगतान पर शासन ने रोक लगा दी है। सबसे बड़ा नुकसान अब तक समाजवादी पेंशन धारकों को हुआ है। इससे उनमें असंतोष व्याप्त है। योगी शासन में समाजवादी पेंशन भुगतान पर रोक लगा दी गई हैै। इससे अब समाजवादी पेंशन धारकाें के खातों में पेंशन का पैसा आना बंद हो जाएगा। शासन के भुगतान के रोक संबंधी आदेश के बाद अब समाजवादी पेंशन खाता धारकों के खाते में पैसा आने के लाभार्थियों के अरमानों पर पानी फेर दिया है।
समाजवादी पेंशन, लोहिया आवास योजना और समाजवादी एंबुलेंस पर हर माह होने वाले लाखों रुपये के खर्च पर शासन ने भुगतान करने पर रोक लगा दी है। जिससे गांव में बन रहे लोहिया आवास योजना और समाजवादी पेंशन के लाभार्थियों को करारा झटका लगा है। वहीं समाजवादी एंबुलेंस के मेंटीनेंस के भुगतान पर भी शासन ने रोक लगा दी है। इससे जिले में चल रहे निर्माण कार्य अधर में लटकते दिखाई दे रहे है।