कानपुर जीएसवीएम मेडिकल काॅलेज के पास आउट डॉक्टर के कल्याणपुर निवासी महिला से नाम और धर्म छिपाकर शादी करने के मामले में पीड़िता ने एफआईआर दर्ज कराई है। महिला ने पति पर जबरन धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाने का आरोप लगाया है। महिला से हुए बेटे का भी आरोपी ने धर्मांतरण कर दिया था। आरोपी पीड़िता को छोड़कर दूसरी शादी भी कर चुका है।
कल्याणपुर के बारासिरोही निवासी तलाकशुदा महिला 2012 में काकादेव में किराये पर रहती थी। इसी दौरान फैजाबाद के शुकल्लैया गांव निवासी मोहम्मद यूसुफ अली ने खुद को विपुल बताते हुए महिला से दोस्ती कर ली। यूसुफ जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस कर रहा था। 20 नवंबर 2014 को यूसुफ ने केशवपुरम स्थित एक शिव मंदिर में महिला से शादी कर ली।
कुछ दिनों बाद महिला को उसकी असलियत का पता चला। आरोप है कि इसके बाद से ही यूसुफ महिला पर धर्म परिवर्तन करने का दबाव बनाने लगा, लेकिन उसने इनकार कर दिया। 27 जुलाई 2015 को महिला को एक बेटा हुआ। यूसुफ ने बेटे का जबरन धर्म परिवर्तन करा दिया। महिला ने यूसुफ से कई बार शादी को कोर्ट से रजिस्टर्ड कराने को कहा, लेकिन वह टालता रहा।
2018 में यूसुफ सिद्धार्थनगर के बर्डपुर स्वास्थ्य केंद्र में बतौर सरकारी डॉक्टर तैनात हो गया। 2019 में उसने स्वास्थ्य केंद्र में तैनात संविदा पर कार्यरत अपने धर्म की एक नर्स से दूसरी शादी कर ली। इधर, दूसरी शादी के बाद यूसुफ पहली पत्नी और बेटे को नजरअंदाज करने लगा।
02 फरवरी 2021 को पीड़िता सिद्धार्थ नगर में पति से मिलने गई, जहां यूसुफ और उसकी दूसरी पत्नी ने उसे पीटकर भगा दिया। आरोपी के पिता मुसीबत अली ने उसे दूसरे धर्म का बताकर भगा देने को कहा। आरोप है कि सास रुखनिशा, ननद साइदा, शाहबानों, देवर यूनुस ने भी पीड़िता को जान से मारने का प्रयास किया। कल्याणपुर इंस्पेक्टर वीर सिंह ने बताया कि पीड़िता की तहरीर पर पति, सास, ससुर समेत छह के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।