कानपुर। नौबस्ता में बड़ी बहन के घर पर रह रही युवती ने फंदा लगाकर जान दे दी। युवती मिर्गी आने की समस्या से परेशान थी। करीब एक साल से बड़ी बहन के घर रह कर इलाज करा रही थी। सूचना पर पहुंची पुलिस को एक सुसाइड नोट बरामद हुआ। नोट में युवती ने बीमारी से परेशान होने की बात लिखी है। पुलिस ने मोबाइल और नोट कब्जे में लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।
मूलरूप से गोंडा के सिरौटी गांव निवासी अमिता सिंह (24) एक साल से नौबस्ता हंसपुरम में अपनी विवाहित बड़ी बहन बबिता के घर पर रहकर इलाज करा रही थी। परिजन ने बताया कि अमिता दो साल से मिर्गी की बीमारी से परेशान थी। बुधवार शाम अमिता ने मां पुष्पा से फोन पर बात करते समय कहा था कि लगता है मर जाऊं। इस पर मां ने डांटते हुए ऐसे विचार मन में न लाने की बात कही थी। देर रात उसने कमरे में पंखे पर फंदा लगाकर जान दे दी। नौबस्ता इंस्पेक्टर बहादुर सिंह ने बताया कि नोट में युवती ने माता-पिता और बहन व अन्य परिजन से माफी मांगी है। तहरीर मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।