इटावा जिले के बकेवर थाना क्षेत्र के एक गांव में गुरुवार देर शाम शौच के लिए गई एक दिव्यांग किशोरी को चार दबंग युवकों ने घेरकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म का प्रयास किया। किशोरी के चीखने-चिल्लाने और पास में ही खेल रहे बच्चों के शोर मचाने पर दौड़े ग्रामीणों ने साहस दिखाते हुए घेराबंदी की और एक आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया, जबकि तीन आरोपी भागने में सफल रहे। पुलिस ने गंभीर रूप से घायल किशोरी को जिला अस्पताल में भर्ती कराया है, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
रीढ़ की हड्डी से लाचार है किशोरी, गला दबाकर की हैवानियत
पीड़ित किशोरी के जीजा ने रोते हुए पुलिस को बताया कि 16 वर्षीय किशोरी शारीरिक रूप से दिव्यांग है। रीढ़ की हड्डी में गंभीर समस्या होने के कारण उसे चलने-फिरने में भी काफी असमर्थता और परेशानी होती है।
क्रिकेट खेल रहे बच्चों और ग्रामीणों की मुस्तैदी से बची जान
किशोरी जब अपनी जान बचाने के लिए तड़पने लगी और चीखने-चिल्लाने की आवाज आई, तो पास ही के मैदान में क्रिकेट खेल रहे बच्चों ने सूझबूझ दिखाई। बच्चों के शोर मचाने पर खेतों में काम कर रहे और गांव के लोग लाठी-डंडे लेकर घटना स्थल की तरफ दौड़ पड़े।
आला अधिकारी पहुंचे मौके पर
एक दिव्यांग किशोरी के साथ हुई इस खौफनाक वारदात की खबर मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा और लहूलुहान व बेसुध हालत में पीड़िता को तुरंत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महेवा ले जाया गया।
वहां प्राथमिक उपचार के बाद भी जब किशोरी की हालत में सुधार नहीं हुआ, तो डॉक्टरों ने उसे गंभीर हालत में जिला अस्पताल इटावा के लिए रेफर कर दिया, जहां डॉक्टरों की विशेष टीम उसकी निगरानी कर रही है।
थाना प्रभारी बकेवर विपिन कुमार ने बताया कि शुरुआती जांच और परिजनों की तहरीर के आधार पर किशोरी के साथ छेड़खानी, बदसलूकी और जानलेवा हमले की धाराओं में मामला दर्ज किया जा रहा है। ग्रामीणों द्वारा पकड़े गए आरोपी से पूछताछ की जा रही है। फरार तीन अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की तीन टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं।