इटावा। बारिश के बाद मच्छरजनित बीमारियों में बढ़ोतरी हुई है। सबसे अधिक डेंगू व मलेरिया के मामले बढ़े हैं। हर दिन दो से तीन मामले निकले रहे हैं। वहीं, जिला अस्पताल व जन औषधि केंद्र पर लारियागो, आर्टीमीटर समेत पांच दवाओं व इंजेक्शन का टोटा होने से मरीजों को पांच गुना महंगी दवाएं मेडिकल स्टोर से खरीदनी पड़ रही है। इससे उन्हें परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जिला अस्पताल में तीन मलेरिया व दो डेंगू के मरीज भर्ती हैं।
डॉ. बीआर आंबेडकर संयुक्त जिला अस्पताल में हर दिन 1500 के करीब मरीज दवा लेने पहुंचते हैं। इसमें डॉक्टर मरीजों को कई दिन से बुखार आने या अन्य लक्षण देने के बाद उनकी खून की जांच करवाते हैं। इसमें हर रोज दो से तीन डेंगू के मरीज निकल रहे हैं। जिला अस्पताल में मलेरिया व डेंगू की दवाओं का स्टॉक कम हो गया है। जिला अस्पताल परिसर में प्रधानमंत्री जन औषधि केंद्र खुला है। यहां मरीज व तीमारदारों को सस्ते दामों पर दवाएं उपलब्ध कराईं जातीं हैं लेकिन वर्तमान में यहां भी कई दवाओं का स्टॉक नहीं है। डेंगू और मलेरिया की दवाओं की कमी है। मरीजों को मजबूरी में पांच गुना महंगी दवाएं खरीदनी पड़ रहीं हैं। जन औषधि केंद्र पर करीब 110 रुपये में मिलने वाली दवाएं निजी मेडिकल स्टोर पर करीब 550 रुपये में मिल रहीं हैं। वहीं, डेंगू की दवा जन औषधि केंद्र पर 200 और निजी मेडिकल स्टोर पर करीब दो हजार रुपये में मिल रहीं हैं।