कानपुर के छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) से डिग्री और मार्कशीट में नाम, पिता का नाम परिवर्तित करवाकर दूसरे को आवंटित करने के मामले में विश्वविद्यालय की जांच पूरी हो गई है। शुक्रवार को जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट परीक्षा नियंत्रक को सौंप दी।
रिपोर्ट से साफ हो गया है कि विश्वविद्यालय कर्मचारियों की मिलीभगत से ही फर्जी तरीके से किसी ने नर्वल भीतरगांव के रहने वाले प्रशांत पुत्र रामकुमार की लॉ की डिग्री-मार्कशीट में परिवर्तन करवाकर अपना बना लिया था। इसका खुलासा ‘अमर उजाला’ ने अपने सात मई के अंक में किया था।
वहीं प्रशांत ने परीक्षा नियंत्रक व विश्वविद्यालय के अन्य कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाने के लिए जिला न्यायालय में याचिका दायर कर दी है। कोर्ट ने छात्र की याचिका स्वीकार करते हुए कल्याणपुर पुलिस से जवाब तलब किया है। मामले में सोमवार 10 जून को सुनवाई होनी है। प्रशांत ने बताया कि जब तक न्याय नहीं मिलता और आरोपी कर्मचारियों पर कार्रवाई नहीं होती तब तक वह संघर्ष जारी रखेंगे।