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सीएसजेएम विश्वविद्यालय: फर्जी तरीके से डिग्री में बदला था नाम, कोर्ट पहुंचा छात्र

Sat, 08 Jun 2019 02:51 PM IST
शिखा पांडेय एजुकेशन डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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सीएसजेएम विश्वविद्यालय - फोटो : गूगल
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कानपुर के छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (सीएसजेएमयू) से डिग्री और मार्कशीट में नाम, पिता का नाम परिवर्तित करवाकर दूसरे को आवंटित करने के मामले में विश्वविद्यालय की जांच पूरी हो गई है। शुक्रवार को जांच कमेटी ने अपनी रिपोर्ट परीक्षा नियंत्रक को सौंप दी। 
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रिपोर्ट से साफ हो गया है कि विश्वविद्यालय कर्मचारियों की मिलीभगत से ही फर्जी तरीके से किसी ने नर्वल भीतरगांव के रहने वाले प्रशांत पुत्र रामकुमार की लॉ की डिग्री-मार्कशीट में परिवर्तन करवाकर अपना बना लिया था। इसका खुलासा ‘अमर उजाला’ ने अपने सात मई के अंक में किया था।

वहीं प्रशांत ने परीक्षा नियंत्रक व विश्वविद्यालय के अन्य कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाने के लिए जिला न्यायालय में याचिका दायर कर दी है। कोर्ट ने छात्र की याचिका स्वीकार करते हुए कल्याणपुर पुलिस से जवाब तलब किया है। मामले में सोमवार 10 जून को सुनवाई होनी है। प्रशांत ने बताया कि जब तक न्याय नहीं मिलता और आरोपी कर्मचारियों पर कार्रवाई नहीं होती तब तक वह संघर्ष जारी रखेंगे। 
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ऐसे पकड़ में आई चोरी
प्रशांत ने यहां एसजे लॉ कॉलेज से सत्र 2014-17 के मध्य एलएलबी की पढ़ाई की है। छात्र ने एलएलबी करने के बाद हाईकोर्ट में वकालत करने के लिए बार कौंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश में अपना पंजीकरण कराने की प्रक्रिया शुरू की। छात्र ने अपने सभी शैक्षिक दस्तावेज लगाए। वहां से जब मार्कशीट और डिग्री का सत्यापन हुआ तो मालूम चला कि विश्वविद्यालय के रिकॉर्ड में उस रोल नंबर पर किसी प्रशांत कुमार भारती पुत्र राम देव भारती का नाम दिख रहा है।

इस पर कौंसिल ने प्रशांत को नोटिस जारी करते हुए सभी मूल दस्तावेजों को जमा करवा लिया। प्रशांत ने ‘अमर उजाला’ की मदद से जब इसकी पड़ताल की तो मालूम चला कि विश्वविद्यालय में उसके रिकॉर्ड में हेराफेरी करके किसी ने उसके नाम और पिता के नाम में परिवर्तन करा दिया है। संशोधन के लिए उस शख्स ने हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की मार्कशीट भी जमा की थी। प्रशांत ने जब उस मार्कशीट पर दिए नंबर को ऑनलाइन चेक किया तो वह किसी सरोज नाम की लड़की का निकला। यह सब करने में विश्वविद्यालय के कुछ कर्मचारी भी शामिल थे।

प्रशांत के मामले में जांच की रिपोर्ट मिल गई है। अब छात्र की मार्कशीट और डिग्री में दोबारा संशोधन की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। अगले सप्ताह तक सब कुछ सही हो जाएगा। मामले में दोषियों को चिह्नित करके उन पर कार्रवाई भी की जाएगी।
- डॉ. अनिल यादव, परीक्षा नियंत्रक, सीएसजेएमयू
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