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भाजपा मंडल उपाध्यक्ष की गोली मारकर हत्या

Wed, 14 Jun 2017 11:45 PM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
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हत्या के बाद रोते बिलखते परिजन, हरिओम की फाइल फोटो।
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यूपी के जालौन में भाजपा नेता की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। जालौन माधौगढ़ थाना क्षेत्र में प्रधानी चुनाव की रंजिश में माधौगढ़ के भाजपा मंडल उपाध्यक्ष की दो बाइकों पर सवार छह हमलावरों ने गोलियां बरसाकर हत्या दी। गोलियों की आवाज से इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना पर भारी पुलिस फोर्स मौके पर पहुंची। इंस्पेक्टर आरपी सिंह के मुताबिक मामला प्रधानी चुनाव की रंजिश का है। परिजनों ने गांव के ही सपा समर्थक समेत आदा दर्जन लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट लिखाई है। 
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बंगरा स्टैंड पर रहने वाले हरिसेवक ने बताया कि बेटा हरिओम (44) मंगलवार रात करीब 8:30 बजे खाना खाने के बाद दरवाजे पर कुर्सी डालकर बैठा था, तभी दो बाइकों पर सवार आधा दर्जन हमलावर आए। इनमें दो हमलावरों में से एक ने सीने व दूसरे ने पीछे से हरिओम को गोली मार दी। फायरिंग की आवाज सुनकर आसपास के दुकानदार व अन्य लोग हमलावरों को पकड़ने दौड़े लेकिन बाइक सवार मौके से भाग निकले। परिजन आननफानन में हरिओम को नजदीक के सामुदायिक स्वास्थ्य ले गए, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने बताया कि हरिसेवक की तहरीर पर सपा समर्थक शिवम गुर्जर पुत्र दुष्यंत सेंगर व उसके साथी अवधेश सिंह उर्फ जीतू पुत्र शत्रुघन सिंह, दुष्यंत सिंह पुत्र रामपाल, राहुल सिंह पुत्र रामपाल, रोहित पुत्र पुण्य प्रताप गुर्जर, पंकज गुर्जर पुत्र नरेंद्र प्रताप सिंह के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। घटना के बाद से आरोपी फरार हैं जिनकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दी रही है। भाजपा के क्षेत्रीय मंत्री नागेंद्र गुप्ता का कहना है कि पुलिस अधिकारियों से मिलकर हमलावरों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग की जाएगी।

मिली थी मारने की धमकी
पुलिस ने बताया कि पिता हरिसेवक के मुताबिक ग्राम प्रधान के चुनाव में हरिओम ने अपने पक्ष के उम्मीदवार को जिताया था जबकि दूसरे पक्ष से  शिवम की दादी चुनाव हार गई थी। इसके बाद से ही शिवम हरिओम से दुश्मनी मानने लगा था। तीन माह पूर्व भी  शिवम गुर्जर ने हरिओम को जान माल की धमकी दी थी।
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छिन गया बुढ़ापे का सहारा
बेटे हरिओम की मौत से हरिसेवक व उनकी पत्नी कुसुमा दोनों का रो रो कर बुरा हाल है। हरिसेवक का हरिओम इकलौता पुत्र था। वह भाजपा की राजनीति करता था, लेकिन चुनावी रंजिश ने उनके बेटे को हमेशा के लिए छीन लिया। पत्नी अराधना और बेटे छोटू (9), अंकुर (14) व बेटी रिया (18) का भी रो रोकर बुरा हाल था।

जाना था डॉक्टर के पास
पड़ोसियों की मानें तो हरिओम के माता, पिता दोनों काफी समय से अस्वस्थ चल रहे हैं। उसने एक दिन पूर्व मंगलवार को ही माता, पिता को ग्वालियर ले जाकर डॉक्टर को दिखाने की तैयारी कर ली थी, लेकिन रात में घटना होने की वजह से तैयारियां धरी रह गईं। 
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