देश का पहला सेंटर फार एक्सीलेंस बनने के बाद गोविंदनगर स्थित एडवांस ट्रेनिंग सेंटर (सीटीआई) में 12 नए ट्रेड चालू किए जाएंगे। इसके साथ ही संस्थान में प्रशिक्षणार्थियों की क्षमता को भी दोगुना किया जाएगा। अभी 2000 छात्र-छात्राएं संस्थान में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं।
मिनिस्ट्री ऑफ स्किल डेवलपमेंट के एमडी आशीष शर्मा ने अमर उजाला को बताया कि पीएम नरेंद्र मोदी की कौशल विकास योजना के तहत देश के पांच उच्च प्रशिक्षण संस्थानों को अत्याधुनिक बनाया जाएगा। इसमें कानपुर एटीआई देश का पहला अत्याधुनिक प्रशिक्षण संस्थान होगा। वे शुक्रवार को दादानगर स्थित एटीआई का निरीक्षण करने आए थे।
मिनिस्ट्री आफ स्किल डेवलपमेंट विभाग के सचिव रोहित नंदन ने बताया कि कानपुर के अलावा मुंबई, कोलकाता और चेन्नई समेत पांच शहरों के एटीआई को हाईटेक बनाने की योजना है। कानपुर और आसपास जिलों के औद्योगिक क्षेत्र होने के नाते यहां की एटीआई को पहली प्राथमिकता दी गई है।
यहां अत्याधुनिक मशीनों के साथ उच्च प्रशिक्षित टीचरों से छात्रों को प्रशिक्षित कराया जाएगा ताकि इन संस्थानों से निकलने वाले युवा प्रतिस्पर्धा के दौर में दूसरों से मुकाबला कर सकें। एटीआई से प्रशिक्षण पाने वाले छात्रों को मिलेगा तो डिप्लोमा लेकिन पढ़ाई बैचलर जैसी होगी।
कौशल विकास योजना में धन की कमी नहीं
एमडी ने कहा कि कौशल विकास योजना में धन की कमी आड़े नहीं आएगी। केंद्र सरकार ने इस योजना को चार साल चलाने के लिए 12 हजार करोड़ की धनराशि अवमुक्त की है। प्रशिक्षण के लिए 10 हजार करोड़ की राशि दी गई है।