कानपुर में मछरिया मदरसे के 12 साल के छात्र की कोरोना रिपोर्ट तीन बार लगातार निगेटिव आने के बाद फिर पॉजिटिव हो गई है। रोगियों के निगेटिव होने के बाद वायरस लोड बढ़ने से फिर पॉजिटिव होने का यह शहर का पहला केस है। अभी तक शहर में 19 केस ठीक हुए हैं। उनमें ऐसा नहीं हुआ।
विशेषज्ञों का कहना है कि कोरोना विदेश में ऐसा रुख अख्तियार कर रहा है। वहां रोगी निगेटिव होकर पॉजिटिव हो रहे हैं। पॉजिटिव हुए मदरसा छात्र को फिर से सीएचसी सरसौल में भर्ती कर लिया गया है। यहां भर्ती एक और मदरसा छात्र अभी निगेटिव नहीं हुआ है।
सीएचसी सरसौल में कोरोना संक्रमित 12 लोगों को भर्ती किया गया था। ये जमातियों के संपर्क में आने से संक्रमित हुए थे। इन लोगों में 12 साल का यह मदरसा छात्र भी शामिल रहा है जो निगेटिव होने के बाद पॉजिटिव हो गया है। सीएचसी प्रभारी डॉ. एसएल वर्मा ने बताया कि इसे 14 अप्रैल को भर्ती किया गया था। 18 अप्रैल को पहली, 23 अप्रैल को दूसरी और 25 अप्रैल को इसके तीसरे सैंपल की जांच कराई गई। ये तीनों जांचें निगेटिव आईं।
सोमवार को इसे मदरसा भेजा जा रहा था। रास्ते में इसकी तबीयत बिगड़ गई। जुकाम और हरारत के साथ जोर की खांसी आने लगी। इसकी सूचना सीएमओ डॉ. अशोक शुक्ला को दी गई। सीएमओ ने मदरसा छात्र की तत्काल जांच कराई। उसमें रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। इसके बाद छात्र को हैलट भेजा जा रहा था लेकिन वह सरसौल में ही रहने पर अड़ गया। इस पर सीएमओ ने उसकी सरसौल में ही व्यवस्था करा दी है। सरसौल में अब दो मदरसा छात्र हो गए हैं। दोनों मछरिया में पढ़ते हैं और बिहार के रहने वाले हैं।