कानपुर। कोरोना संक्रमण के मद्देनजर इस बार भी बकरीद (एक अगस्त) पर सामूहिक नमाज अदा नहीं की जाएगी। यह फैसला रविवार को बकरीद की तैयारी को लेकर कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित मुस्लिम धर्मगुरुओं की बैठक में लिया गया।
डीएम डॉ. ब्रह्मदेव राम तिवारी ने बताया कि शासन से प्राप्त दिशा-निर्देशों के अनुसार कोविड प्रोटोकॉल का पालन कराते हुए सर्वसम्मति से यह निर्णय हुआ है कि कुर्बानियां खुले में नहीं होंगी। पूर्व निर्धारित बंद स्थानों पर पूरी व्यवस्था के साथ ही कुर्बानी की जाएगी। प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी नही होगी। बकरीद के लिए जानवरों के बाजार भी नहीं लगेंगे। यह भी फैसला लिया गया है कि जो भी किसान जानवरों को लेकर आते है उनके लिए कोविड प्रोटोकॉल के तहत संबंधित एसीएम, सीओ के जरिए स्थान का चयन किया जाएगा ताकि वे जानवरों को बेच सके।
डीएम ने नगर निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि बकरीद से पहले सफाई अभियान चलाएं। नाले, नालियों की गंदगी साफ कराएं। कूड़ा अड्डों की सफाई कराएं। सभी कूड़े अड्डों पर छोटे व बड़े कंटेनर रखवाए जाएं ताकि कुर्बानी के बाद का कचरा पॉलिथीन में रखते हुए इन कंटेनर में डाला जाए। सभी नागरिकों की जिम्मेदारी है कि वह अपशिष्ट को डस्टबिन में ही डालें। खुले में अपशिष्ट न डालें ताकि लोगों को असुविधा हो। कहा कि गलियों में हाथ वाली कूड़ा गाड़ी लगाएं और उसको उठाने के लिए शिफ्ट में कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई जाए। पानी व बिजली की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।