एमएलसी निकाय चुनाव से वाक ओवर दे चुकी कांग्रेस पार्टी अब यह तय करने में जुटी है कि उसके सभासद किस पार्टी के पक्ष में वोट देंगे। पार्टी के मतदाताओं को वोट देना चाहिए या नहीं, इस पर भी संगठन विचार विमर्श कर रहा है। शहर इकाई अध्यक्ष हर प्रकाश अग्निहोत्री की अध्यक्षता में इस मसले पर जल्द ही पार्टी पार्षद दल की बैठक होगी।
अध्यक्ष का कहना है कि पार्टी ने अभी यह तय नहीं किया है कि वोट दिया जाए या मतदान का बहिष्कार किया जाए, लेकिन इतना तय है कि भाजपा को वोट नहीं देंगे। इसी पर चर्चा के लिए पार्टी के पार्षद दल के नेता अशोक तिवारी और अन्य पार्षदों को बुलाया गया है।
बता दें, कांग्रेस ने पहले एमएलसी चुनाव में विष्णुकांत मिश्रा को प्रत्याशी घोषित किया था। चुनाव न लड़ने के प्रदेश इकाई के फैसले के बाद प्रत्याशी ने नामांकन दाखिल नहीं किया। ऐसे में पार्टी से जुड़े पार्षदों और सभासदों का वोट दूसरी पार्टी के प्रत्याशियों के लिए कीमती हो गया है।
कांग्रेस शहर अध्यक्ष का कहना है कि अभी तक तो उनसे किसी ने संपर्क नहीं किया है लेकिन वह यह तैयारी कर रहे हैं कि इस चुनाव में पार्टी की क्या भूमिका रखी जाए।
पार्षद अलग से बिछा रहे गोटी
कांग्रेेस पार्टी और उसके अध्यक्ष भले ही यह तय नहीं कर पाए हैं कि एमएलसी चुनाव में किस पार्टी प्रत्याशी को उनके पार्षद वोट देंगे लेकिन सभासदों ने अपनी-अपनी गोटी फिट करनी शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार दूसरी पार्टी के प्रत्याशियों से कांग्रेसी पार्षदों की एक दौर की वार्ता भी हो चुकी है। लेन-देन के मसले पर अभी आखिरी दौर की वार्ता होनी बाकी है।